संवाद न्यूज एजेंसी
उन्नाव। सचिवालय में नौकरी लगवाने का झांसा देकर 23 लाख रुपये की ठगी करने वाली युवती को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेजा है। जबकि उसका भाई और एक साथी की तलाश जारी है।
अजगैन कोतवाली के रंजीतखेड़ा गांव निवासी जयकरन और उसके फुफेरे भाई को सचिवालय में नौकरी दिलाने के नाम पर तीन लोगों ने 23 लाख की ठगी कर ली।
पीड़ित ने पुलिस को तहरीर देकर बताया कि गंगाघाट कोतवाली के आजादनगर निवासी नितिन कुमार ने अपनी बहन वर्षा रावत और इसी कोतवाली क्षेत्र के नेहरू नगर मोहल्ला निवासी सुनील तिवारी के साथ मिलकर उससे 23 लाख रुपये लिए थे। आरोप है कि नितिन खुद को सचिवालय कर्मी बताता था।
पीड़ित जयकरन के मुताबिक तीनों ने छह महीने रुपये लिए थे और नौकरी के बारे में बात करने पर लगातार टालमटोल करते रहे। रुपये वापस मांगे तो तीनों ने लौटाने से इनकार कर दिया और जान से मारने की धमकी देने लगे। इस पर पीड़ित ने कोतवाली में तीनों के खिलाफ दो सप्ताह पहले ठगी और धोखाधड़ी की धारा में रिपोर्ट दर्ज कराई।
पुलिस ने ठगी में शामिल वर्षा रावत को गिरफ्तार कर लिया। जबकि उसके भाई और साथी की तलाश जारी है। पुलिस के अनुसार धोखाधड़ी करने वाली युवती स्नातक पास है और प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी कर रही है। कोतवाल अवनीश सिंह ने बताया कि उपनिरीक्षक धर्मेंद्रनाथ मिश्रा ने टीम के साथ उसे, उसके घर के पास से गिरफ्तार किया है।