उन्नाव। जिला अस्पताल परिसर में निजी एंबुलेंस चालकों ने एक बार फिर अपना कब्जा जमा लिया है। निजी एंबुलेंस चालक 24 घंटे जिला अस्पताल में रहकर मरीजों पर अपनी निगाहें टिकाए रहते हैं। जब कि जिला अस्पताल के निरीक्षण में सीडीओ ने निजी एंबुलेंस को अस्पताल से हटवाने और उनके दोबारा खड़े करने पर एफआईआर कराने के निर्देश दे रखे हैं।
जिला अस्पताल के निरीक्षण में सीडीओ नेहा शर्मा ने अस्पताल परिसर में प्राईवेट एंबुलेंस के खड़े होने पर सीएमएस से जवाब तलब किया था। उन्होंने सीएमएस को निर्देश दिए थे कि अस्पताल में किसी भी हालत में प्राईवेट एंबुलेंस को न खड़ा होने दिया जाए। सीएमएस को निर्देश देने के बाद भी जिला अस्पताल से प्राईवेट एंबुलेंस को नहीं हटवाया जा सका था। इस पर सीडीओ ने खुद कार्रवाई करते हुए अस्पताल में खड़ी एंबुलेंस को कोतवाली भिजवा दिया था वहीं कई संचालकों के खिलाफ एफआईआर भी कराई थी। सीडीओ की कार्रवाई के बाद कुछ दिन तक तो अस्पताल में एंबुलेंस नहीं खड़ी हुई लेकिन यह सिलसिला फिर शुरू हो चला है। जिला अस्पताल में प्राईवेट एंबुलेंस दिन रात खड़ी हो रही हैं। इन एंबुलेंस पर न ही किसी स्वास्थ्य अधिकारी की नजर पड़ रही है और न ही जिला अस्पताल में मौजूद रहने वाली पुलिस की।
सीएमएस डॉ. एके चतुर्वेदी ने बताया कि एंबुलेंस को हटवाने के निर्देश दे दिए गए हैं। एंबुलेंस न हटने पर वह पुलिस की मदद लेकर एंबुलेंस को हटवाएंगे।