अमर उजाला ब्यूरो
उन्नाव। बिना डिग्री के कई साल से मरीजों का इलाज कर रहे युवक पर स्वास्थ्य विभाग ने शिकंजा कसा है। ग्रामीणों की शिकायत पर मंगलवार को एसीएमओ ने जांच की तो युवक न ही डिग्री दिखा सका और न ही क्लीनिक का पंजीकरण। एसीएमओ ने झोलाछाप के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने के आदेश दे दिए हैं।
असोहा थानाक्षेत्र के कालूखेड़ा में एक युवक पिछले कई सालों से मरीजों का उपचार कर रहा था। युवक की शिकायत ग्रामीणों जनसुनवाई पोर्टल पर की थी। शिकायत के आधार पर मंगलवार को एसीएमओ डा. तन्मय कक्कड़ कालूखेड़ा जांच करने पहुंचे। क्लीनिक में उन्हें मरीजों की भीड़ मिली।
मरीजों का इलाज कर रहे गोविंद नाम के युवक से जब उन्होंने डिग्री मांगी तो वह बगले झांकने लगा। इस बीच उन्होंने जब क्लीनिक के पंजीकरण संबधित दस्तावेज मांगे तो गोविंद ने पंजीकरण न होने की बात कही। बिना डिग्री व पंजीकरण के क्लीनिक चलाने पर एसीएमओ ने गोविंद के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के आदेश दिए हैं। एसीएमओ डा. तन्मय कक्कड़ ने बताया कि थाने में गोविंद के खिलाफ तहरीर दे दी गई है व क्लीनिक बंद करा दिया गया है।
-ग्रामीणों की शिकायत पर एसीएमओ की जांच में हुआ खुलासा