उन्नाव। किशोरी से दुष्कर्म का दोष साबित होने पर न्यायालय ने युवक को 10 साल की सजा सुनाई। उस पर 50 हजार का अर्थदंड भी लगाया है।
बीघापुर थानाक्षेत्र के एक गांव निवासी महिला ने पुलिस को तहरीर देकर बताया था कि 23 जून 2017 की शाम करीब सात बजे गांव में ही रहने वाला अनिल तिवारी बेटी को बहला फुसला कर बाग में ले गया और दुष्कर्म किया। काफी देर बाद घर लौटी बेटी के कपड़े अस्तव्यस्त हालत में देखकर पूछताछ की तो बेटी ने आपबीती बताई। पीड़िता की मां की तहरीर पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर उसे गिरफ्तार किया था। शुक्रवार को मुकदमे की अंतिम सुनवाई पूरी हुई। विशेष लोक अभियोजक कविता सिंह ने अभियोजन पक्ष से पैरवी की। दोषी साबित होने पर न्यायाधीश विवेकानंद विश्वकर्मा ने अनिल को सजा सुनाई।
गैंगस्टर के दोषी को दो साल की सजा
उन्नाव। पुलिस ने पुरवा कोतवाली क्षेत्र के मिर्जापुर सुम्हारी निवासी राजेश पर गैंगस्टर एक्ट की धारा में कार्रवाई की थी। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार किया था। मामले के विवेचक दिनेश चंद्र मिश्रा ने 27 जनवरी 2021 को आरोपी के खिलाफ न्यायालय में आरोपपत्र दाखिल किया था। शुक्रवार को मुकदमे की सुनवाई गैंगस्टर न्यायालय में पूरी हुई। अभियोजन पक्ष से हरीश अवस्थी, अलंकार द्विवेदी और विश्वास त्रिपाठी ने पैरवी की। न्यायाधीश जयवीर नागर ने राजेश को गैंगस्टर का दोषी पाए जाने पर दो साल की सजा सुनाई है। (संवाद)