कार्यालयों में अफसरों व कर्मचारियों की उपस्थिति जानने के लिए डीएम के आदेश पर शनिवार को चले अभियान में एक्सईएन नलकूप सहित दस कर्मचारी अनुपस्थित मिलेे। निरीक्षण रिपोर्ट मिलने के बाद डीएम ने सभी का वेतन रोकने के साथ ही सात दिन में जवाब देने का आदेश दिया है।
जवाब संतोषजनक न मिलने पर विभागीय कार्रवाई का अल्टीमेटम दिया गया है। कार्यभार ग्रहण करने के बाद से ही कार्यालयों में अफसरों व कर्मचारियों की मौजूदगी के लिए डीएम चंद्रकांत पांडेय के आदेश पर चल रहे अभियान के तहत शनिवार को एक्सईएन नलकूप व उत्तर प्रदेश जल संसाधन एवं भूमि सुधार निगम कार्यालय का औचक निरीक्षक हुआ।
शनिवार को निरीक्षण पर निकले अतिरिक्त मजिस्ट्रेट राजनारायण त्रिपाठी सुबह 10:47 अधिशासी अभियंता नलकूप का कार्यालय पहुंचे तो एक्सईएन चौधरी रामसिंह, कनिष्ठ लिपिक मांडवी, हेल्पर रामचंद्र, धावक गजराज तथा चपरासी शैलेश कुमारी अनुपस्थित मिलीं। यहां से निकल कर अतिरिक्त मजिस्ट्रेट 11:14 पर उत्तर प्रदेश जलनिगम एवं भूमि सुधार कार्यालय पहुंचे।
वहां परियोजना निदेशक एमए खान, लेखाकार राजकुमार, मानचित्रक शाकिर अली, कनिष्ठ लिपिक अनिल कुमार मिश्र तथा सींच पर्यवेक्षक अजय कुमार श्रीवास्तव नदारद मिले। उन्होंने अपनी रिपोर्ट डीएम को सौंपी। रिपोर्ट मिलने के बाद डीएम ने सभी के वेतन आहरण पर रोक लगाने के साथ ही सात दिन में स्पष्टीकरण देने का आदेश दिया। इसका जवाब संतोषजनक न मिलने व अगले निरीक्षण में भी अनुपस्थित मिलने पर निलंबन के साथ ही विभागीय कार्रवाई का अल्टीमेटम दिया है।