शहर की वॉटर सप्लाई लाइन में लीकेज होने से रोजाना हजारों लीटर पानी बर्बाद हो रहा है। पुरानी पाइप लाइनों के स्थान पर नई पाइप लाइनें बिछाने का कार्य किया जा रहा है लेकिन उसकी सुस्त रफ्तार के चलते नई पाइप लाइनों का शीघ्र संचालन संभव नहीं है। इससे पेयजल का निरंतर दुरुपयोग हो रहा है।
नगर पालिका क्षेत्र के अंतर्गत 25 वार्ड हैं। वार्डों में पेयजल की आपूर्ति के लिए 22 ट्यूबवेल की स्थापना कराई गई है। फिर भी लोगों को जरूरत के मुताबिक पीने का पानी नहीं मिल पा रहा है। जहां लोग एक ओर पेयजल की समस्या से लोग जूझ रहे हैं, वहीं वाटर सप्लाई लाइन से ही पानी बर्बाद हो रहा है।
इस समस्या से निजात पाने के लिए औपचारिक प्रबंध नगर पालिका की ओर से किए जा रहे हैं। पालिका के अधिकारियों के मुताबिक जिन पाइपों से पानी की सप्लाई की जा रही है, वह 50 वर्षों से अधिक पुरानी हो चुकी है।
इस वजह से अक्सर पाइपें जगह-जगह टूट जाती हैं जिसकी वजह से हजारों लीटर पानी की बर्बादी होती है। शिकायत मिलने के बाद पाइप को नगर पालिका की ओर से दुरुस्त कराया जाता है।