सुल्तानपुर। जिले में बुधवार दोपहर बारिश के दौरान बिजली गिरने से अलग-अलग स्थानों पर दो बुजुर्गों की मौत हो गई, जबकि आठ लोग झुलस गए। बंधुआकला के पूरे परसन, धारूपुर गांव में पेड़ के नीचे खड़े लोगों पर बिजली गिरने से एक बुजुर्ग महिला की मौके पर मौत हो गई। मोतिगरपुर के ककरवारपुर गांव में भैंस चराने गए एक बुजुर्ग पशुपालक की बिजली की चपेट में आने से जान चली गई।
बंधुआकला के पूरे परसन, धारूपुर निवासी स्व. पराग की पत्नी पियारी (65) बुधवार सुबह परिवार व गांव के अन्य लोगों के साथ धान की रोपाई करने खेत गई थीं। दोपहर 12 बजे बारिश शुरू होने पर पियारी, उनके पुत्र जय सिंह (40), गांव के छत्रपाल (35), आदित्य (14), उदयराज (65), प्रानदेई (62), चांदनी (8), मुस्कान (6) व जाह्नवी (4) पास के एक पेड़ के नीचे खड़े थे, तभी बिजली गिर गई। जिससे पियारी की मौके पर मौत हो गई, जबकि अन्य सभी झुलस गए।
ग्रामीणों ने घायलों को कुड़वार सीएचसी पहुंचाया, जहां से जय सिंह, उदयराज, छत्रपाल व प्रानदेई को राजकीय मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। उपजिलाधिकारी सदर उत्तम तिवारी ने बताया कि मृतका के परिजनों को मुख्यमंत्री आपदा राहत कोष से आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।
उधर, मोतिगरपुर के बेलहरी चौकी अंतर्गत ककरवारपुर गांव निवासी जगन्नाथ पाल (65) बुधवार दोपहर भैंस चराने के दौरान बिजली गिरने से वह गंभीर रूप से झुलस गए। उन्हें सीएचसी ले जा रहे थे, लेकिन रास्ते में मौत हो गई।
एसडीएम जयसिंहपुर प्रभात कुमार सिंह ने बताया कि राजस्व टीम को भेजा गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद दैवी आपदा राहत के तहत आर्थिक सहायता दिलाई जाएगी। दो परिवारों पर टूटा दुखों का पहाड़ : बंधुआकला के पूरे परसन निवासी पियारी के तीन पुत्र जयकरन, मान सिंह और जय सिंह हैं। हादसे में मां की मौत हो गई, जबकि सबसे छोटे पुत्र जय सिंह गंभीर रूप से झुलस गए हैं। घटना के बाद परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। ककरवारपुर निवासी जगन्नाथ पाल अपने पीछे तीन बेटे अनिल, सुनील और अरविंद पाल को छोड़ गए हैं।