सुल्तानपुर। जिले में मौसम के एकाएक करवट बदल लेने से बृहस्पतिवार सुबह करीब 10 बजे तेज हवा के साथ हुई बारिश से कई जगहों पर टिनशेड व छप्पर उड़ गए। कुछ जगहों पर पेड़ व डालें गिर गईं। तेज हवा के साथ हुई बारिश से बिजली आपूर्ति व्यवस्था बेपटरी हो गई। इससे करीब एक लाख की आबादी अंधेरे में है। जगह-जगह जलभराव हो जाने से लोगों को आवाजाही में दिक्कत हो रही है। उधर, बारिश से सूख रही जायद की फसलों को संजीवनी मिल गई है।
बृहस्पतिवार सुबह करीब 10 बजे तेज हवा के साथ बारिश शुरू हो गई। इससे जिला अस्पताल की इमरजेंसी के बाहर जलभराव हो गया। मरीजों व तीमारदारों को परेशानी उठानी पड़ी। बंधुआकला थाने में टिनशेड उड़ने के साथ ही थाना परिसर में आम की डाल गिर गई। मोतिगरपुर से गोसैसिंहपुर को जाने वाली सड़क पर बारिश से जलभराव हो गया है। यह सड़क तालाब में तब्दील हो गई है। इससे लोगों को आवाजाही में दिक्कत हो रही है।
जलभराव से बढ़ी परेशानी
बारिश के दौरान सुल्तानपुर-हलियापुर वाया कुड़वार मार्ग स्थिति वलीपुर व रसूलपुर बाजार में जलभराव हो गया है। नाली चोक हो गई है। दुकानदारों ने कूड़ा-कचरा डालकर नाली को पूरी तरह से बंद कर दिया है। इससे बारिश होने से राहगीरों को पानी से होकर गुजरना पड़ रहा है। तेज रफ्तार वाहनों के गुजरने से गंदे पानी का छींटा राहगीरों के ऊपर पड़ जा रहा है।
कुड़वार बाजार में नालियों के चोक होने से सड़क पर जलभराव हो गया है। अलीगंज मोड़, प्रज्ञा एकडेमी स्कूल मोड़ समेत कई जगहों पर भी जलभराव हो गया है। तेज हवा के साथ हुई बेमौसम बारिश से क्षेत्र में बिजली आपूर्ति सुबह से ही ठप हो गई है। बिजली न आने से सबमर्सिबल पंप बंद हो गए हैं।
चरी, उरद, धान की नर्सरी को फायदा तो सब्जियों को नुकसान
बारिश से चरी, उरद, धान की नर्सरी को फायदा हुआ है। वहीं, टमाटर, भिंडी, लौकी, कद्दू व करेला की फसल को मामूली नुकसान हुआ है। सब्जी की खेती करने वाले किसान सुनील मौर्य ने बताया कि बारिश से कद्दू, लौकी व करेला को नुकसान होने से ये महंगी हो जाएंगी। अलीगंज क्षेत्र में हुई बारिश से सब्जी, दलहन, चारा समेत अन्य जायद की फसलों को फायदा हुआ है।
लंभुआ क्षेत्र में हुई बारिश से बेतहाशा गर्मी से परेशान लोगों ने राहत महसूस की है। इलाके में सब्जी की खेती से जुड़े किसानों के लिए यह बरसात फायदेमंद साबित हुई है। किसान बरसात के बाद पत्तागोभी, खीरा, बैंगन, लोबिया, करेला, लौकी का पौध जल्द तैयार कर सकेंगे। इसके साथ ही अरहर, उर्द, मुंग, बाजरा, मक्का, धान की फसल के लिए यह बारिश फायदेमंद बताई जा रही है।
चार विद्युत उपकेंद्र व सात फीडर बंद
जिले में बृहस्पतिवार सुबह आंधी के साथ हुई बारिश से चार विद्युत उपकेंद्र व सात फीडर बंद हो गए। कई जगहों पर एचटी लाइन का तार व पोल टूट कर गिर पड़े। बल्दीराय, कुड़वार, करौंदीकलां व धम्मौर उपकेंद्र बंद हो गए। करीब 50 से अधिक खंभे टूट गए। इससे शहर समेत ग्रामीण क्षेत्रों की करीब एक लाख आबादी की बिजली आपूर्ति बाधित हो गई।
उपकरणों के खराब होने विद्युत वितरण ने बृहस्पतिवार को छापा मार अभियान रोक दिया। बारिश थमने के बाद अधीक्षण अभियंता राकेश प्रसाद के निर्देश पर दोपहर बाद मरम्मत कार्य शुरू हो गया। बताया कि शाम को शहर की आपूर्ति बहाल कर दी गई। ग्रामीण क्षेत्रों में मरम्मत कार्य चल रहा है। जल्द ही आपूर्ति बहाल कर दी जाएगी।