सुल्तानपुर। सरप्लस शिक्षकों की समायोजन प्रक्रिया विरोध के चलते पूरी नहीं हो सकी। शिक्षकों ने विकल्प काउंसलिंग में कम विद्यालय दिखाए जाने का आरोप लगाते हुए प्रक्रिया का बहिष्कार किया। बीएसए व प्रशासनिक अधिकारी प्रक्रिया पूर्ण कराने के लिए शिक्षकों को समझाते रहे लेकिन सफल नहीं हो सके।
शहर के पं. राम नरेश त्रिपाठी सभागार में शुक्रवार को जिले के उच्च प्राथमिक विद्यालयों के 82 व प्राथमिक विद्यालयों के 135 सरप्लस शिक्षकों के अन्यत्र विद्यालयों में समायोजन की प्रक्रिया शुरू हुई।
प्रक्रिया शुरू होते ही विकल्प के लिए कम विद्यालय दिए जाने को लेकर शिक्षक संघ ने आपत्ति जताई। शिक्षकों के प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी से मुलाकात कर अपनी बात रखी। पहली पाली में जूनियर हाईस्कूलों में सरप्लस 82 शिक्षकों की विकल्प काउंसलिंग आयोजित हुई।
इसमें शिक्षकों ने अपने इच्छित विद्यालय चुने। इसके बाद प्राथमिक विद्यालयों के 135 सरप्लस शिक्षकों की काउंसलिंग का शिक्षक संघ के प्रतिनिधियों के साथ शिक्षकों ने बहिष्कार कर दिया। मौके पर पहुंचे एडीएम ने बीएसए नरेंद्र देव के साथ शिक्षकों से बात की और उन्हें समझाने का प्रयास किया लेकिन वे नहीं माने।
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी नरेंद्र देव ने बताया कि सरप्लस शिक्षकों को आवश्यकता वाले विद्यालयों में भेजे जाने के लिए विकल्प काउंसलिंग आयोजित की गई थी। उच्च प्राथमिक विद्यालयों की प्रक्रिया संपन्न हुई लेकिन प्राथमिक विद्यालयों में शिक्षक संघ के विरोध के चलते काउंसलिंग पूर्ण नहीं हो सकी। मामले की पूरी रिपोर्ट जिलाधिकारी के समक्ष रखी जाएगी।