किराना की दुकान पर रखी चीनी। संवाद
सुल्तानपुर। त्योहारों के बीच चीनी की बढ़ी कीमतों से परेशान उपभोक्ताओं को थोक बाजार में राहत मिली है। सरकार के जमाखोरी और अधिक भंडार करने वालों पर सख्ती के निर्देश के बाद चीनी के थोक भाव में 400 रुपये प्रति बोरी की गिरावट आई है। जबकि फुटकर बाजार में इस गिरावट का असर अभी भी नहीं दिख रहा है।
29 अगस्त 2026 को 3200 रुपये में बिक रही 50 किलो चीनी की बोरी अब 2800 रुपये में मिल रही है। थोक भाव में करीब 8 रुपये प्रति किलो की कमी दर्शाता है। इसके बावजूद फुटकर में चीनी 60 से 62 रुपये प्रति किलो तक बेची जा रही है। थोक कारोबारी सुरेश कुमार ने बताया कि मिलों से आपूर्ति सामान्य रहने पर कीमतें और स्थिर होंगी।
फुटकर कारोबारी कृष्ण मोहन का कहना है कि दुकानदारों के पास पुरानी दर पर खरीदा गया भंडार है। महंगे भंडार के कारण फुटकर कीमत तुरंत कम करना मुश्किल हो रहा है। उन्होंने उम्मीद जताई कि पुराना भंडार निकलने के बाद भाव घटेंगे।
उपभोक्ताओं को नहीं मिल रहा लाभ
थोक में 400 रुपये की गिरावट के बावजूद, उपभोक्ताओं को इसका पूरा लाभ नहीं मिल पा रहा है। गृहिणी रेखा देवी ने कहा कि त्योहारों में चीनी की खपत बढ़ जाती है, इसलिए लाभ मिलना चाहिए। ग्राहक सीमा ने बताया कि 60 रुपये प्रति किलो से अधिक चीनी मिलने से घरेलू बजट बिगड़ रहा है।
थोक में राहत, फुटकर में इंतजार
50 किलो बोरी : 3200 से 2800 रुपये
थोक भाव : 56 रुपये किलो
फुटकर भाव : 60-62 रुपये किलो
बोरी पर गिरावट : 400 रुपये