सुल्तानपुर। खेल विभाग की मंशा साकार हुई तो शहर के पंत स्पोर्ट्स स्टेडियम में स्थित तरणताल जल्द ही बदले रूप में नजर आएगा। कायाकल्प योजना के तहत होने वाले इस कार्य पर करीब डेढ़ करोड़ रुपये का खर्च आएगा।
इससे तैराकी की प्रैक्टिस करने वालों को कई तरह की सुविधाएं मिलेंगी। नई टाइल्स, आकर्षक लाइटें व तरणताल के पानी का फिल्टरेशन प्लांट की स्थापना की जाएगी। इन व्यवस्थाओं के संचालन से स्वीमिंग पूल की शोभा बढ़ेगी।
खेल सुविधाओं में इजाफा करने के लिए विभागीय स्तर पर इस बार तरणताल के डवलपमेंट का प्रोजेक्ट तैयार किया गया है। तरणताल में लाखों की लागत से लगा वाटर फिल्टरेशन कई साल से खराब पड़ा है।
ऐसे में तरणताल के संचालन के समय पानी का शोधन नहीं हो पाता है। दो स्वीमिंग पूलों से हजारों लीटर पानी की बर्बादी होती है। इसके अलावा तरणताल में लगी टाइल्स भी काफी पुरानी हो चुकी है।
इसमें तैराकी करने वाले लोगों को लुभाने के लिए लगा फाउंटेन (फव्वारा) भी खराब पड़ा है। इससे तैराकी करने वालों की संख्या बढ़ नहीं पा रही है। इस समय तैराकी करने वालों की संख्या 40 के करीब है। विभागीय अधिकारियों की मानें तो तरणताल का संचालन दो शिफ्ट में किया जाता है।
इस बार तैराकी करने वालों की संख्या बढ़ाने के उद्देश्य से यहां की सुविधाओं में इजाफा करने की कार्य योजना स्थानीय स्तर पर तैयार की गई है। इसके तहत तरणताल का कायाकल्प किया जाना है।
स्थानीय स्तर पर तैयार किए गए प्रोजेक्ट के मुताबिक बड़े व बच्चों के लिए बने अलग-अलग दो स्वीमिंग पूलों में लगी पुरानी टाइल्स के स्थान पर नई टाइल्स लगेगी। ड्रेस चेंज रूम का जीर्णोद्धार कराया जाएगा। नए सिरे से विद्युतीकरण के साथ आकर्षक लाइटिंग की व्यवस्था होगी।
कई वर्षों से बंद पड़े वाटर फिल्टरेशन प्लांट को संचालित करने के लिए नए संसाधनों की व्यवस्था होगी। इससे तरणताल में प्रयोग होने वाले जल के दोहन पर रोक लगेगी। फाउंटेन के संचालन से स्वीमिंग पूल की शोभा बढ़ेगी। इसके कायाकल्प में करीब डेढ़ करोड़ रुपये का खर्च आएगा। इसका डीपीआर भी शासन को प्रेषित कर दिया गया है।
जिला क्रीड़ा अधिकारी शीला भट्टाचार्या ने बताया कि तरणताल के प्रोजेक्ट में करीब डेढ़ करोड़ रुपये का डीपीआर बनाया गया है। यह कार्य सीएंडडीएस संस्था की ओर से कराया जाएगा। प्रोजेक्ट रिपोर्ट शासन को भेज दी गई है। स्वीकृति मिलते ही कार्य शुरू करवा दिया जाएगा।