सुल्तानपुर। आठ साल के बालक से दुष्कर्म सहित अन्य आरोपों से जुड़े 20 माह पुराने मामले में दो दिन पहले दोषी ठहराए गए आरोपी राजबहादुर की सजा पर शनिवार को स्पेशल जज पाॅक्सो एक्ट नीरज श्रीवास्तव की कोर्ट ने फैसला सुनाया। अदालत ने दोषी राजबहादुर को 20 साल के कठोर कारावास व 25 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है। अदालत ने अर्थदंड की संपूर्ण धनराशि पीड़ित पक्ष को देने का आदेश जारी किया है।
कुड़वार क्षेत्र के एक गांव निवासी आठ साल के बालक के भाई ने 20 दिसंबर 2024 को स्थानीय थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। वादी के आरोप के मुताबिक उनके भाई को कुड़वार थाने के सरैया पूरे बिसेन निवासी आरोपी राजबहादुर झांसा देकर अपने साथ ले गया और उसके साथ दरिंदगी की थी। आरोपी के खिलाफ पाॅक्सो एक्ट सहित अन्य गंभीर धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की गई।
विवेचना के दौरान आरोपों की पुष्टि हुई और पुलिस ने उसके खिलाफ चार्जशीट दाखिल की। इस मामले का ट्रायल स्पेशल जज पॉक्सो एक्ट नीरज कुमार श्रीवास्तव की अदालत में चला।
अदालत ने बृहस्पतिवार को अभियुक्त राजबहादुर को बालक को दोषी मानते हुए जेल भेजने का आदेश दिया था। दोषी की सजा पर सुनवाई के लिए शनिवार का दिन तय था। कोर्ट ने नियत तिथि पर दोषी के खिलाफ सजा पर फैसला सुनाते हुए उसे जेल भेजने का आदेश दिया है।