सुल्तानपुर। स्पेशल जज पाॅक्सो एक्ट नीरज श्रीवास्तव की अदालत ने किशोरी से दुष्कर्म के आरोप से जुड़े 15 माह पुराने मामले में दोषी ठहराए गए स्वामीनाथ कोरी की सजा पर शनिवार को फैसला सुनाया। अदालत ने दोषी को दुष्कर्म व पाॅक्सो एक्ट के अपराध में 20 वर्ष के कठोर कारावास की सजा दी है। साथ ही 25 हजार रुपये अर्थदंड लगाया है।
बल्दीराय थाने के एक गांव की रहने वाली किशोरी की मां ने 27 जनवरी 2025 को स्थानीय कोतवाली में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। वादी के मुताबिक, उसकी 16 वर्षीय पुत्री खेत जाने के लिए निकली थी। आरोपी स्वामीनाथ कोरी ने उसके साथ दुष्कर्म किया। स्वामीनाथ ने पीड़िता को जान से मारने की धमकी दी थी, और उसे डराकर लगातार शोषण करता रहा। वादी के मुताबिक 27 जनवरी 2025 को अचानक पीड़िता के पेट में दर्द उठा, तो जांच कराने पर उसके गर्भवती होने की बात सामने आई।
मामले का ट्रायल स्पेशल जज पाॅक्सो एक्ट की अदालत में चला। स्पेशल कोर्ट ने आरोपी स्वामीनाथ कोरी के अपराध की गंभीरता को देखते हुए जमानत देने से भी इनकार कर दिया था। अदालत ने एक दिन पहले इस मामले में स्वामीनाथ को दुष्कर्म व पाॅक्सो एक्ट का दोषी मानते हुए उसे जेल भेज दिया था। शनिवार को अदालत ने इस मामले में फैसला सुनाया।