सुल्तानपुर। जिले में जारी भीषण उमस ने बिजली आपूर्ति व्यवस्था को ध्वस्त कर दिया है। ओवरलोडिंग बढ़ने से शहरी क्षेत्र के फीडर आपूर्ति का लोड नहीं ले पा रहे हैं। पांच से 10 मिनट के बीच फीडर की ट्रिपिंग सोमवार की आधी रात तक एक लाख से अधिक आबादी की नींद में खलल डाले रही। करीब दो बजे रात के बाद लोग सो सके।
शहरी क्षेत्र में डाकखाना उपकेंद्र का सोमवार की शाम खराब हुआ राजकीय फीडर का पांच एमवीए का ट्रांसफार्मर अभी तक दुरुस्त नहीं हो सका। तेल डालने के बाद भी ट्रांसफार्मर ढंग से रिचार्ज नहीं हो सका। ट्रांसफार्मर को दुरुस्त करने के लिए आपूर्ति देने वाली कंपनी की टीम बुधवार को पहुंच रही है। राजकीय फीडर खराब होने से डाकखाना उपकेंद्र के सभी नौ फीडरों पर सोमवार की रात रोस्टिंग में बिजली आपूर्ति की जाती रही। इसकी वजह से रात करीब दो बजे आपूर्ति आठ फीडरों की कुछ सामान्य हो सकी, लेकिन राजकीय फीडर की आपूर्ति अभी तक पूरी नहीं हो पा रही है। दरियापुर उपकेंद्र के एक देहात फीडर समेत शहरी फीडर पर रातभर रोस्टिंग में आपूर्ति की गई।
इस बीच शास्त्रीनगर मोहल्ले का एक 400 केवीए का ट्रांसफार्मर जल गया। मंगलवार को करीब 11 बजे नया ट्रांसफार्मर लगवाकर आपूर्ति बहाल की गई। इसकी वजह से मोहल्ले की करीब चार हजार आबादी रात से लेकर सुबह 11 बजे तक गर्मी से परेशान रही। टीपीनगर उपकेंद्र का सभी नौ फीडर रात भर रोस्टिंग में चलाया जाता रहा। यही हाल केएनआई के शहरी क्षेत्र के दो फीडरों का रहा।
इस तरह चारों उपकेंद्रों के शहरी क्षेत्र के 18 फीडरों पर सोमवार की रात रोस्टिंग में आपूर्ति से दो बजे तक एक लाख से अधिक आबादी की नींद पूरी नहीं हो सकी। बुधवार को दिन भी कटौती जारी रही। शाम को तहसील फीडर अचानक कुछ देर के लिए बंद हो गया। इस बीच उसमें खामी से पूरा उपकेंद्र बंद हो गया।
फिलहाल 33 हजार वोल्ट की लाइन की आपूर्ति थोड़ी देर में फिर शुरू हो जाने से डाकखाना उपकेंद्र के नौ फीडरों रोस्टिंग में आपूर्ति शुरू हो गई। एक्सईएन प्रथम पवन कुमार ने बताया कि फीडर की समस्या दूर करने का प्रयास किया जा रहा है। मध्यांचल से लगातार बातचीत चल रही है। ओवरलोडिंग की वजह से दिक्कत आ रही है।