सुल्तानपुर। गैंगस्टर एक्ट के तहत कुर्क चार पहिया लक्जरी वाहन (स्कार्पियो) को गैंगस्टर की विशेष कोर्ट के न्यायाधीश जलाल मोहम्मद अकबर ने रिलीज करने का आदेश दिया है। कोर्ट ने कुर्क वाहन को अविलंब वाहन स्वामी को सुपुर्द करने का आदेश पुलिस को दिया है। कोर्ट के आदेश से वाहन स्वामी को बड़ी राहत मिल गई है। वहीं, अमेठी जिले की पुलिस व प्रशासन को अदालत के आदेश से झटका लगा है।
अधिवक्ता रवि शुक्ल के मुताबिक अमेठी जिले के मुंशीगंज थाने के पश्चिम दुआरा गांव निवासी उदय प्रताप सिंह ने दो मार्च 2016 को चार पहिया वाहन (स्कार्पियो) खरीदा था। उदय प्रताप सिंह ने वाहन को लखनऊ के अर्जुनगंज सरसवा निवासी पंकज यादव को बेच दिया था। यह वाहन एक जून 2022 को आरटीओ लखनऊ कार्यालय से पंकज यादव को ट्रांसफर हो गया था।
अमेठी जिले के मुंशीगंज थाने की पुलिस ने उदय प्रताप सिंह के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट का केस दर्ज करके 19 जून 2022 को वाहन को कुर्क करने के लिए रिपोर्ट एसपी के पास भेजी थी। पुलिस का कहना है कि उदय प्रताप सिंह ने अपराध से अर्जित रुपये से वाहन खरीदा है।
एसपी ने वाहन को कुर्क करने के लिए 28 जून 2022 को डीएम के पास पत्र भेजा था। 30 जून 2022 को अमेठी के डीएम ने वाहन को कुर्क करने का आदेश दे दिया था। डीएम के आदेश को वाहन स्वामी पंकज यादव ने कोर्ट में चुनौती दी थी।
उनके अधिवक्ता रवि शुक्ल ने कहा कि वाहन स्वामी पंकज यादव न तो गैंगस्टर है और न ही उसका कोई आपराधिक इतिहास है। डीएम ने अपने अधिकारों का दुरुपयोग करते हुए विधि विरुद्ध ढंग से वाहन को कुर्क करने का आदेश दिया है। कोर्ट ने वाहन स्वामी की अर्जी मंजूर कर कुर्क वाहन को अविलंब रिलीज करने का आदेश पुलिस को दिया है।