सुल्तानपुर। नोटबंदी के दो माह बाद भी ग्रामीण इलाकों में कैश की किल्लत दूर होने का नाम नहीं ले रही है। खाताधारकों को बैंक और एटीएम से निराशा मिल रही है। सोमवार को अखंडनगर की एसबीआई व बॉब की बनगवांडीह शाखा से खाताधारकों को कैश नहीं मिल सका। इन शाखाओं में मुख्यालय से करेंसी चेस्ट नहीं पहुंचने के चलते यह नौबत आई।
नोटबंदी को दो माह से अधिक का समय बीत चुका है। इस बीच शहर के बैंकों की व्यवस्था काफी हद तक पटरी पर आ गई है लेकिन ग्रामीण क्षेत्र की दुश्वारी कायम है। शहर क्षेत्र की बैंक शाखाओं को छोड़ दिया जाय तो ग्रामीण क्षेत्र में विभिन्न बैंकों की 154 शाखाओं का संचालन किया जा रहा है। इनमें किसी न किसी शाखा पर नोटबंदी के बाद आए दिन कैश की किल्लत बनी ही रहती है। भुगतान न मिलने से खाताधारकों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
रविवार के बाद सोमवार को बैंक शाखाओं के खुलने के बाद अखंडनगर की एसबीआई शाखा में सुबह से ही कैश नहीं रहा। शनिवार को यहां कैश दिया गया था। सोमवार को दिन भर बैंक अधिकारी मुख्यालय से करेंसी चेस्ट पहुंचने का इंतजार करते रहे लेकिन वह नहीं पहुंचा। ऐसे में एक भी खाताधारक को भुगतान नहीं दिया जा सका। मैनेजर अशोक सलूजा ने बताया कि करेंसी चेस्ट नहीं मिलने से भुगतान नहीं हो पाया। वहीं विकास खंड क्षेत्र के बैंक ऑफ बड़ौदा की बनगंवाडीह शाखा पर भी सुबह से कैश की किल्ल्त रही। शाखा प्रबंधक अमित बाजपेयी ने बताया कि कैश न मिल पाने की वजह से खाताधारकों को भुगतान नहीं किया जा सका।