सुल्तानपुर। दहेज में दो लाख रुपये की मांग पूरी न होने पर विवाहिता व उसके गर्भस्थ शिशु की हत्या करने के मामले में शनिवार को एडीजे चतुर्थ ने पति, सास व ससुर को उम्रकैद की सजा सुनाई है। कोर्ट ने अभियुक्तों पर एक लाख पांच हजार रुपये का जुर्माना भी किया है। जुर्माने की रकम से 50 हजार रुपये मृतका के पिता को मिलेंगे। मामला कूरेभार थाने के ग्राम पल्टन तिवारी का पुरवा शिवनगर का है।
एडीजीसी क्रिमिनल विजय शंकर शुक्ल के मुताबिक अयोध्या जिले के बीकापुर थाने के कूरेभारी गांव निवासी श्रीराम शर्मा की पुत्री संध्या की शादी दिसंबर 2016 में पल्टन तिवारी का पुरवा मौजा शिवनगर निवासी रोहित शर्मा के साथ हुई थी। दहेज में दो लाख रुपये की मांग पूरी न होने पर ससुरालीजनों ने तीन अक्तूबर 2017 को संध्या व उसके गर्भ में पल रहे बच्चे की हत्या कर दी थी।
मृतका के पिता श्रीराम ने पति रोहित शर्मा, सास राधिका, ससुर मैन बहादुर, दो ननदों और देवर मोहित के खिलाफ दहेज हत्या का केस दर्ज कराया था। पुलिस ने पति रोहित शर्मा, सास राधिका व ससुर मैन बहादुर के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की थी जबकि ननदों और देवर मोहित का नाम निकाल दिया था।
सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष से सरकारी वकील विजय शंकर शुक्ल ने छह गवाहों को कोर्ट में पेश किया। शनिवार को एडीजे चतुर्थ अभय श्रीवास्तव ने पति रोहित शर्मा, सास राधिका व ससुर मैन बहादुर को सजा सुनाकर जेल भेजने का आदेश दिया।