लंभुआ। शंभूगंज बाजार में हाईटेंशन लाइन टूटकर गिरने से शनिवार शाम जान गंवाने वाले सकवा गांव के दो सब्जी विक्रेताओं राधेश्याम यादव और गुरु प्रसाद गुप्ता का अंतिम संस्कार रविवार को प्रशासन के आश्वासन के बाद हुआ। रविवार को दोनों के शव गांव पहुंचे तो परिजनों ने विभागीय लापरवाही का आरोप लगा अंतिम संस्कार से इन्कार कर दिया।
करीब दो घंटे तक चले मान-मनौवल के बाद अधिकारियों ने आर्थिक सहायता और अन्य मांगों पर कार्रवाई का भरोसा दिया, तब परिजन राजी हुए। इसके बाद दोनों का अंतिम संस्कार धोपाप घाट पर किया गया। विद्युत निगम के एसई ने अवर अभियंता को निलंबित कर दिया गया है।
रविवार सुबह से सकवा गांव और शंभूगंज बाजार में पुलिस बल तैनात रहा। शंभूगंज बाजार की अधिकांश दुकानें बंद रहीं, लोगों में विद्युत निगम के प्रति नाराजगी दिखी। तहसीलदार प्रांजल त्रिपाठी और क्षेत्राधिकारी ऋतिक कपूर परिजनों को समझाने में जुटे रहे। दोपहर बाद करीब चार बजे पोस्टमार्टम के बाद दोनों के शव गांव पहुंचे तो माहौल गमगीन हो गया।
पहले राधेश्याम यादव का शव अंतिम संस्कार के लिए धोपाप घाट ले जाया गया, जबकि गुरु प्रसाद गुप्ता के परिजनों ने शव घर पर ही रोक लिया। उन्होंने विद्युत निगम के अधिकारियों पर लापरवाही का आरोप लगा विभागीय स्तर पर सहायता की मांग की। दो घंटे की वार्ता के बाद तहसीलदार ने दोनों परिवारों को नियमानुसार पांच-पांच लाख रुपये की विभागीय सहायता दिलाने व गुरु प्रसाद गुप्ता की दिव्यांग पुत्रवधू को पेंशन उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया। इसके बाद परिजन राजी हुए। दोनों परिवारों की आर्थिक स्थिति बेहद कमजोर है। राधेश्याम यादव के पास केवल 10 बिस्वा कृषि भूमि है, जबकि गुरु प्रसाद गुप्ता के हिस्से में एक बीघा जमीन है।