भदैंया (सुल्तानपुर)। मंगेतर का चाल चलन खराब होने के शक के कारण कोतवाली क्षेत्र के पीपरपुर निवासी किशन का शादी से इंकार करना ही उसकी मौत का कारण बन गया। पुलिस ने बुधवार को मंगेतर समेत चार लोगों को गिरफ्तार कर इस हत्याकांड का खुलासा करने का दावा किया है।
अमेठी जिले के पीपरपुर थाना क्षेत्र के पीपरपुर निवासी विश्वनाथ कश्यप के पुत्र किशन कश्यप का विवाह सुल्तानपुर जिले के धम्मौर थाना क्षेत्र के हाजीपट्टी गांव निवासी राजाराम कश्यप की पुत्री गुड़िया के साथ तय हुआ था। शादी 25 जून 2020 को होनी थी। विवाह के पहले मंगेतर गुड़िया ने किशन को 11 जून 2020 को शॉपिंग के लिए फोन करके उसे बुलाया था और उसके बाद किशन लापता हो गया।
किशन जब गुड़िया से मिलने घर से निकला था, तो इसकी जानकारी अपने घर वालों को दी थी। पांच दिन बाद 16 जून 2020 को कोतवाली देहात थाना क्षेत्र के अलहदादपुर नहर में किशन का शव पाया गया था। शरीर पर चाकू और डंडे के निशान मिले थे। पुलिस ने परिवारीजनों के संदेह के आधार पर गुड़िया के खिलाफ केस दर्ज कर मामले की तफ्तीश में जुटी थी।
पुलिस ने बताया कि तफ्तीश के दौरान गुड़िया का चाल चलन ठीक न होने के शक में किशन ने शादी करने से इंकार कर दिया था। इसके बाद गुड़िया ने अपनी मां और पिता के साथ मिलकर उसकी हत्या की साजिश रची थी।
पुलिस ने बुधवार को हत्या में शामिल गुड़िया उर्फ प्रभावती, उसकी मां कुसुमा, पिता राजाराम उर्फ राजा निवासी हाजीपट्टी थाना धम्मौर और तीनों आरोपियों को हत्या के बाद शरण देने के आरोप में मालती देवी पत्नी रामदीन निवासी करवर नंबर तीन, नया बाग कोतवाली लंभुआ को गिरफ्तार कर लिया। एसओ ने बताया कि पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि किशन को 11 जून को बुलाकर उसकी चाकू से हत्या करने के बाद शव को नहर में फेंक दिया गया था।