सुल्तानपुर। डीडीसी का चुनाव लड़ने के लिए आ रहे खर्च की कमी को पूरा करने के लिए युवक ने चालक के साथ मिलकर खुद के अपहरण की साजिश रच डाली।
पुलिस ने 48 घंटे में कथित अपहरण का खुलासा करते हुए आरोपी और चालक को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने कथित अपहरण में प्रयुक्त जीप और दो मोबाइल सेट भी बरामद किया है।
गोसाईगंज थाना क्षेत्र के इटकौली गांव निवासी मोहम्मद जुनैद खान पिछले सोमवार की दोपहर अपने चालक अमन शर्मा निवासी हयातनगर के साथ जीप से निकला था।
अपराह्न तीन बजकर 57 मिनट पर अमन शर्मा ने फोन से तारा बानो पत्नी रज्जाक को सूचना दिया कि तीन जीपों पर सवार कुछ लोगों ने बंधुआकलां थाना क्षेत्र के लोधेपुर के पास से उसके बेटे मोहम्मद जुनैद खान की पिटाई करके अपहरण कर लिया है।
बेटे के अपहरण की सूचना मिलते ही तारा बानो ने यूपी 112 से मदद मांगी। यूपी 112 ने इसकी सूचना एसपी डॉ. अरविंद चतुर्वेदी को दी।
एसपी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जिले भर में संदिग्ध जीपों की जांच का आदेश देते हुए एसपी अमेठी और रायबरेली से मदद मांगी। दूसरी तरफ एसपी ने एसओ बंधुआकलां प्रभात कुमार तिवारी और एसओ गोसाईगंज श्याम सुंदर पांडेय को पड़ताल करने को कहा।
एसपी का आदेश मिलते ही एसओ गोसाईगंज श्याम सुंदर पांडेय जुनैद के घर पहुंचे और उसकी मां से घटना की जानकारी ली। वहीं, एसओ बंधुआकलां प्रभात कुमार तिवारी ने पुलिस टीम के साथ असरोगा स्थित टोल प्लाजा पर पहुंचकर सीसीटीवी कैमरे की जांच की।
तब पता चला कि जिस वाहन से जुनैद के अपहरण की सूचना दी गई, वह टोल प्लाजा से होकर गुजरा ही नहीं है। सर्विलांस के जरिए भी पुलिस ने जुनैद और अमन की फोन की लोकेशन खंगाली। पुलिस ने जब अमन शर्मा से पूछताछ की तब वह संदेह के घेरे में आ गया।
मंगलवार की शाम अमन शर्मा ने जुनैद की मां को फोन से जानकारी दी कि अपहरणकर्ता उसे रायबरेली बुला रहे हैं। वह जुनैद से मिलने जा रहा है। यह जानकारी मिलने के बाद पुलिस नेे सर्विलांस से अमन और जुनैद के नंबर को ट्रेस किया तो दोनों की लोकेशन बंधुआकलां थाना क्षेत्र में एक साथ पाई गई।
सर्विलांस से मिली सूचना के बाद एसपी ने एसओ बंधुआकलां प्रभात कुमार तिवारी को सक्रिय कर दिया। सर्विलांस के जरिए ही बंधुआकलां एसओ ने कथित अपहृत मोहम्मद जुनैद खान और चालक अमन शर्मा को एक जीप से बरामद कर लिया।
खुद गढ़ी अपहरण की कहानी: एसपी
सुल्तानपुर। एसपी डॉ. अरविंद चतुर्वेदी ने बताया कि पूछताछ में आरोपी ने बताया कि मौजूदा समय में वह डीडीसी का चुनाव लड़ने की तैयारी कर रहा था। उसने दो लाख रुपये का होर्डिंग्स भी बनवा लिया था। परिवार वाले उसे चुनाव के लिए पैसे नहीं दे रहे थे। इसलिए उसने खुद के अपहरण की साजिश रची थी, जिससे उसे 10 लाख रुपये मिल सकें।