शहर से सटे अमहट चौराहे पर खड़ी कारें।
सुल्तानपुर। शहर के अमहट व पयागीपुर चौराहे पर संचालित अवैध टैक्सी स्टैंड परिवहन निगम को चूना लगा रहे हैं। निजी वाहन के तौर पर पंजीकृत वाहनों से सवारियां ढोने से परिवहन विभाग को भी राजस्व का नुकसान हो रहा है। वाहन संचालक यात्रियों से मनमाना किराया भी वसूलते हैं। जिससे यात्रियों को परेशानी उठानी पड़ रही है।
परिवहन निगम के सर्वे में लखनऊ-वाराणसी हाईवे पर शहर से सटे दो स्थान अवैध स्टैंड के रूप में चिह्नित किए गए हैं। अमहट व पयागीपुर चौराहे से लखनऊ की सवारियां बैठाई जाती हैं। वहीं, पयागीपुर चौराहे से ही प्रयागराज-प्रतापगढ़ के लिए टैक्सियां चलती हैं। इन अवैध स्टैंड की रिपोर्ट एआरटीओ को भेजी गई थी, पिछले दिनों कार्रवाई भी की गई थी। इसके बाद भी अवैध स्टैंड का संचालन बंद नहीं हुआ।
लखनऊ, प्रयागराज व प्रतापगढ़ जाने वाले वाहन चालक यात्रियों से मनमाना रुपया वसूलते लेते हैं। वाहनों में क्षमता से अधिक सवारियां भरी जाती हैं। लखनऊ-वाराणसी हाईवे पर स्थित अमहट व पयागीपुर चौराहे पर सुबह से ही अवैध स्टैंड चलने लगता है। सोमवार दोपहर अमहट चौराहे पर कार चालक वाहन में सवारियां भरते दिखे।
इस संबंध में एआरटीओ अलका शुक्ला ने अवैध स्टैंड के संचालन से अनभिज्ञता जताई। कहा कि पीटीओ को अभियान की जानकारी है। परिवहन निगम के सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक सुरेश चंद्र यादव ने बताया कि एआरटीओ को पत्र देकर कार्रवाई के लिए सहयोग करने को कहा गया है। अवैध स्टैंड के खिलाफ अभियान चलाकर कार्रवाई करने की आवश्यकता है।