सूरापुर (सुल्तानपुर)। मेघनाद का कुमार लक्ष्मण से युद्ध होता है। लक्ष्मण कहते हैं कि मेघनाद ने इंद्र को जीता है तो मैंने इंद्रियों को जीता है। ये बातें तुलसी पीठाधीश्वर के जगद्गुरु स्वामी रामभद्राचार्य महाराज ने कहीं। वे रविवार को तीसरे दिन क्षेत्र के विजेथुआ धाम में चल रही हनुमत कथा रामभद्राचार्य महाराज ने श्रद्धालुओं को बताया कि मेघनाद के पिता रावण हैं तो मेरे पिता राघव हैं। मेघनाद मांसाहारी है तो मैं फलाहारी हूं।
लक्ष्मण और मेघनाद के बीच संग्राम चल रहा है। मेघनाद ने विभीषण पर वीरघातिनी शक्ति का प्रयोग किया। तब लक्ष्मण ने कहा कि चलो एक और बलिदान करते हैं। विभीषण को पीछे धकेल कर सामने आकर वीरघातिनी शक्ति को स्वीकार कर लिया। लक्ष्मण मूर्छित हो गए। कालिनेमि कलि काल हैं। हनुमानजी में दोनों गुण हैं। हनुमानजी संजीवनी लाकर प्राणों की रक्षा करते हैं।
वीरघातिनी का पहला आघात व्यर्थ हो गया और लक्ष्मण के प्राण बच गए। कथा में उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय, मत्स्य पालन मंत्री संजय निषाद, भाजपा नेता संतबक्श सिंह, प्रमोद कुमार मिश्र, मनोज तिवारी, हौसिला पांडेय, संत भारती, हरिश्चंद्र श्रीवास्तव, विजय उपाध्याय, विजय धर मिश्र, दिलीप पांडेय, राजेंद्र पांडेय, विनोद पांडेय, रमापति पांडेय आदि मौजूद रहे।
नौकरी बांटने के नाम पर सपा ने लिया पैसा, जाएंगे जेल: संजय निषाद
विजेथुआ धाम में चल रही रामभद्राचार्य की कथा में रविवार को शामिल होने आए प्रदेश के मत्स्य पालन मंत्री संजय निषाद ने अपने ऊपर लगे टिकट दिलाने के नाम पर पैसा मांगने के आरोप पर कहा कि आरोप तो रामायण लिखने वाले बाल्मीकि पर भी लगे थे। मै मूल्यों की राजनीति करता हूं। आरोप लगाने वाले प्रमाण दें तो मै राजनीति से सन्यास ले लूंगा। कहा कि सत्ता से दूर हुए लोग दुखी हैं। कांग्रेस, बसपा समाप्त हो गई है। भारत में बोलने की आजादी है, कोई कुछ भी कह सकता है। उन्होंने कहा कि मेरे समाज की आईकॉन फूलन देवी हैं। कहा कि प्रदेश के उपचुनाव में एनडीए गठबंधन की जीत होगी।
जगद्गुरू ने उच्चशिक्षा और मत्स्य पालन मंत्री के सामने रखी मांग
विजेथुआ धाम में रविवार को रामकथा सुनने पहुंचे प्रदेश के उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय व मत्स्य पालन मंत्री संजय निषाद के सामने रविवार को जगद्गुरू रामभद्राचार्य ने मांग रख दी। कहा कि आज आपको कुछ देकर जाना है। विजेथुआ धाम का सौंदर्यीकरण हो। उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय ने कहा कि सभी पौराणिक धर्मस्थलों का सरकार विकास कर रही है।
सांस्कृतिक विभाग की टीम भेजी जाएगी और जो विकास कार्य जरूरी होगा, उसे कराया जाएगा। जगद्गुरू ने कहा कि कि हनुमान जी का नाम और प्रधानमंत्री का नाम नरेंद्र हैं। अगले वर्ष भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को विजेथुआ आना है। उन्होंने विजेथुआ धाम की सड़काें को चौड़ी कराने और रामायण सर्किट से जोड़ने की मांग रखी। मत्स्य पालन मंत्री के सामने मकरी कुंड के सौंदर्यीकरण की मांग रखी।