मोतिगरपुर के करमाजितपुर गांव में घटनास्थल पर जांच करती मोतिगरपुर पुलिस। स्रोत-पुलिस
मोतिगरपुर (सुल्तानपुर)। करमाजितपुर गांव में सोमवार रात तिलकोत्सव के दौरान हर्ष फायरिंग में आबकारी विभाग के एक सिपाही की पिस्तौल से चली गोली उसके दूसरे साथी सिपाही विनीत मिश्र (36) के पेट में लग गई। अन्य साथी मेडिकल कॉलेज से प्राथमिक इलाज कराने के बाद देर रात प्रयागराज के स्वरूपरानी हॉस्पिटल लेकर चले गए।
मोतिगरपुर थाने में फायरिंग करने वाले आरोपी सिपाही के खिलाफ जानलेवा हमले की रिपोर्ट दर्ज की गई है। पुलिस ने उसे देर शाम गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस अधीक्षक चारू निगम ने हल्का के दो सिपाहियों को निलंबित कर दिया है। बताया गया है कि वहां पर चिकित्सकों ने सिपाही की हालत खतरे से बाहर बताई है।
पुलिस के अनुसार करमाजितपुर निवासी रामशरण शुक्ल के छोटे पुत्र अंकुर शुक्ल लखनऊ में आबकारी विभाग में सिपाही हैं। गांव में सोमवार को अंकुर के तिलकोत्सव समारोह में विभागीय साथी भी शामिल हुए थे।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार समारोह में रायबरेली से आए आबकारी सिपाही, प्रतापगढ़ जिले के बाघराय के उमरपुर निवासी सिपाही सुरेंद्र यादव ने अपनी पिस्तौल से हर्ष फायरिंग शुरू कर दी। मौके पर दो राउंड फायरिंग की गई।
पहली गोली हवा में चलाई गई, जबकि दूसरी गोली मैगजीन में फंस गई। मैगजीन खाली करने के दौरान ट्रिगर दब गया तो गोली आबकारी सिपाही विनीत मिश्र के पेट में जा लगी। इधर, आरोपी मौके से भाग निकला। ग्रामीणों में अफरातफरी मच गई। सीओ जयसिंहपुर आरके चतुर्वेदी ने बताया कि मोतिगरपुर थाने के उपनिरीक्षक श्रीराम मिश्र की तहरीर पर आरोपी सिपाही सुरेंद्र यादव के खिलाफ जानलेवा हमले की प्राथमिकी दर्ज कर ली है।
थानाध्यक्ष अशोक कुमार सिंह ने बताया कि हल्का सिपाही सनोज यादव और सिंटू यादव को एसपी ने निलंबित कर दिया है। बताया कि पिस्तौल के कब्जे में है। घटनास्थल से खोखा नहीं मिला है। फॉरेंसिक लैब भेजकर पिस्ताैल की जांच कराई जाएगी।