धनपतगंज के कुप्पा गांव में गिरी धान की फसल। संवाद
सुल्तानपुर। मौसम के बदलते मिजाज ने किसानों और कारोबारियों की चिंता बढ़ा दी है। बुधवार को तेज हवा के साथ हुई बारिश से कई इलाकों में धान और गन्ने की तैयार फसल खेतों में गिर गई। सब्जियों के खेतों में पानी भरने से पालक और मूली की फसल प्रभावित हुई है। बारिश के कारण बाजार में ग्राहकों की आवाजाही कम होने से कारोबार भी सुस्त रहा।
बृहस्पतिवार सुबह मौसम साफ रहा और धूप निकली। दोपहर 12 बजे अचानक बादल छाए और करीब पांच मिनट हल्की बूंदाबांदी हुई। इसके बाद मौसम साफ हो गया। करीब एक घंटे तक धूप और बादलों के बीच लुकाछिपी चलती रही। मौसम विज्ञानी भूपेंद्र सिंह पटेल के अनुसार, बृहस्पतिवार को अधिकतम तापमान 27.4 और न्यूनतम 20.0 डिग्री सेल्सियस रहा। 3.0 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। शुक्रवार को मौसम साफ रहने की संभावना है।
बारिश से खेत और बाजार प्रभावित
धनपतगंज। पीपरगांव के किसान अंशुमान सिंह और अंगद सिंह तथा कनेहटी पंडितपुरवा के अतुल व राजेंद्र ने बताया कि धान, गन्ने और सब्जियों के खेतों में पानी भरने से फसल प्रभावित हुई है। लागत निकलना भी मुश्किल नजर आ रहा है। व्यापारी मनोराम जायसवाल, विजय मोदनवाल और बब्लू सेठ ने बताया कि बारिश के कारण ग्राहक कम निकल रहे हैं। संवाद
सब्जियों पर भी असर
कुड़वार। मंगापुर के अशोक ने बताया कि धान की फसल गिरने से उपज प्रभावित होने की आशंका है। इसरौली के सुनील मौर्य, पूरे कालीचरन के राम प्रसाद व रामसरन ने बताया कि मूली और पालक के खेतों में पानी भरने से जमावट प्रभावित हो सकती है। तोरई, भिंडी और कद्दू भी प्रभावित हुए हैं। ग्रामीणों के मुताबिक स्थानीय आवक घटने से बाहर से आने वाली सब्जियों के दाम बढ़े हैं। तोरई, लोबिया और मूली 40 से 50 रुपये किलो तक बिक रही हैं।