सुल्तानपुर। अमेठी जिले के मुसाफिरखाना तहसील की एसडीएम, नायब तहसीलदार समेत अन्य सात लोगों के खिलाफ कोर्ट में परिवार दायर किया गया है। न्यायाधीश ने मामले की सुनवाई के लिए 17 जनवरी 2025 की तिथि निर्धारित की हे।
कमरौली थाना क्षेत्र के मंगरौरा गांव के अनुसूचित जाति के दृगपाल की पत्नी ऊषा रावत ने मुसाफिरखाना तहसील की एसडीएम प्रीति तिवारी, नायब तहसीलदार प्रशांत सिंह और मंगरौरा गांव के अदनान, जुबेर, मारुफ, कदीर, इस्लाम, लुकमान उर्फ पिंकू व जरीना के खिलाफ कोर्ट में परिवाद दायर किया है। ऊषा रावत का आरोप है कि बीते 15 अगस्त को एसडीएम व नायब तहसीलदार के साथ अन्य आरोपी उनके घर पर आए थे, और बाउंड्रीवाल व दो निर्माणाधीन कमरे को गिराने लगे थे।
आरोप है कि एसडीएम व नायब तहसीलदार के ललकारने पर आरोपियों ने ऊषा को जातिसूचक गालियां दी और उसकी पिटाई करने के साथ घरेलू सामान तोड़ डाला था। पुलिस के केस नहीं दर्ज करने पर पीड़िता ने कोर्ट की शरण ली है। एससी-एसटी एक्ट की विशेष कोर्ट के न्यायाधीश राकेश पांडेय ने मामले में सुनवाई के लिए 17 जनवरी की तिथि नियत की है।