भदैंया। अयोध्या धाम में श्रीराम मंदिर के दर्शन के बाद प्रयागराज जा रही श्रद्धालुओं से भरी बस बृहस्पतिवार देर रात लोहरामऊ ओवर ब्रिज पर एक जानवर के आ जाने से अनियंत्रित होकर पलट गई। आसपास के लोगों ने बस की खिड़की के शीशे तोड़कर श्रद्धालुओं को बाहर निकाला। घायल 26 लोगों को मेडिकल कॉलेज पहुंचाया गया, जहां उपचार के बाद सभी को दूसरी बस से घर भेज दिया गया, बस में सवार सभी 52 लोग बहराइच जिले के रहने वाले हैं।
बहराइच जिले के पयागपुर थाने के लखीहा गांव के 52 लोग बृहस्पतिवार सुबह निजी बस से तीन दिन के तीर्थाटन पर निकले थे। इसी दिन श्रद्धालुओं ने अयोध्या धाम में श्रीराम मंदिर में दर्शन किया और रात 11 बजे वे प्रयागराज जाने के लिए निकले। रात करीब दो बजे बस सुल्तानपुर बाईपास के लोहरामऊ ओवरब्रिज पर चढ़ रही थी। तभी एक जानवर सड़क पर आ गया। उससे बचने के चक्कर में बस अनियंत्रित होकर पलट गई।
बस पलटते ही यात्रियों में चीख-पकार मच गई। शोर सुनकर पहुंचे स्थानीय लोगों ने काफी मशक्कत के बाद बस का शीशा तोड़कर किसी तरह बस में फंसे लोगों को बाहर निकाला। घायल यशपाल (56), विनय (29), मनीष (34), रामलाल (65), रामफल (57), मंजू (34), कुंज (8), शीतला (54), रवि (24), आयुष (13), पिंकी (9), दीपक (9), रागिनी (25), अजीत (35), श्यामा (56), मालती (35), राधिका (45), सरिता (60) सहित 26 लोगों को एंबुलेंस से मेडिकल कॉलेज सुल्तानपुर पहुंचाया गया, जहां चिकित्सक ने उपचार के बाद सभी को डिस्चार्ज कर दिया। कोतवाल अखंडदेव ने बताया कि रात में घायलों को अस्पताल भेजा गया था। प्रशासन ने दूसरी बस से सभी यात्रियों को घर भिजवाया। बस मालिक बृजपाल सिह ने बताया कि बस के सभी कागजात वैध हैं।
सामान के बीच सुरक्षित मिला बच्चा
बस से यात्रियों को निकालने के बाद एक महिला का तीन साल का बच्चा नहीं मिल रहा था। वह बिलख रहीं थीं। यात्री व आसपास के लोगों ने बच्चे की खोजबीन की, तो वह सामान के बीच में सुरक्षित मिला। तब जाकर महिला की जान में जान आई।