सुल्तानपुर। गृहमंत्री अमित शाह के खिलाफ टिप्पणी करने के आरोप में सांसद राहुल गांधी के खिलाफ चल रहे मामले में बृहस्पतिवार को एमपी-एमएलए मजिस्ट्रेट कोर्ट में परिवादी भाजपा नेता की तरफ से हाईकोर्ट में याचिका पेश किए जाने का तर्क रखते हुए बहस के लिए अवसर की मांग की गई। वहीं, राहुल गांधी के अधिवक्ता ने हाईकोर्ट में पेश याचिका में कार्यवाही रोकने का स्थगन आदेश नहीं होने का तर्क रखते हुए विरोध किया। स्पेशल मजिस्ट्रेट शुभम वर्मा की अदालत ने बहस के लिए 14 सितंबर की तारीख तय की है।
कोतवाली देहात थाने के हनुमानगंज निवासी सहकारी बैंक के पूर्व चेयरमैन विजय मिश्र ने 2018 में राहुल गांधी के जरिये गृहमंत्री अमित शाह के खिलाफ की गई टिप्पणी से नाराज होकर मानहानि का परिवाद दायर किया। साक्ष्य की कार्यवाही खत्म होने के बाद अदालत ने फाइनल बहस के लिए कार्यवाही नियत की थी। 12 मार्च को परिवादी विजय मिश्र की तरफ से राहुल गांधी के आवाज की जांच व मिलान विधि विज्ञान प्रयोगशाला से कराने के लिए अर्जी दी गई थी। अदालत ने परिवादी की अर्जी को दो मई को खारिज कर करते हुए पूर्व में जारी कार्यवाही के अनुसार बहस का आदेश जारी किया था। परिवादी भाजपा नेता ने निगरानी याचिका पेश कर मजिस्ट्रेट कोर्ट के आदेश को सेशन कोर्ट में चुनौती दी थी। फिलहाल उनकी निगरानी याचिका भी खारिज हो चुकी है।
हाईकोर्ट पहुंचा मामला
सुल्तानपुर। मानहानि के मुकदमे में सांसद राहुल गांधी की आवाज की जांच एवं मिलान के मामले में परिवादी भाजपा नेता विजय मिश्रा की तरफ से एक सितंबर को हाईकोर्ट में याचिका पेश की गई है। इसकी जानकारी उनके अधिवक्ता ने ट्रायल कोर्ट को दी है। संवाद