सुल्तानपुर। कोतवाली नगर के करौंदिया माेहल्ला निवासी किताबुल निशां स्वास्थ्य विभाग के सुपर वाइजर पद से दिसंबर 2017 में सेवानृवित्त हुई थीं। उन्होंने बहू बिल्कीश बानो को डाकखाना में एफडी कराने के लिए साढ़े सात लाख रुपये दिए थे।
आरोप है कि 14 दिसंबर 2017 को बिल्कीश बानो ने धोखाधड़ी करते हुए सास को प्रधान डाकघर ले जाकर उनके नाम रुपये जमा करने के बजाय अपने नाम से जमा करा लिए थे। 13 अगस्त 2023 को किताबुल निशां ने बिल्कीश बानो के खिलाफ केस दर्ज कराया था। पुलिस की गिरफ्तारी से बचने के लिए बिल्कीश बानो ने कोर्ट में अग्रिम जमानत के लिए अर्जी दी थी। जिला जज जय प्रकाश पांडेय ने बचाव पक्ष के अधिवक्ता जेपी सिंह की बहस सुनने के बाद बिल्कीश बानो की गिरफ्तारी पर रोक लगाते हुए अग्रिम जमानत दे दी है।