सुल्तानपुर। भूपति भवन कांड में जेल में निरुद्घ भाजपा नेता अनंत विक्रम सिंह को कोर्ट से जमानत नहीं मिल पाई। मंगलवार को प्रभारी जिला जज/एडीजे प्रथम पीके सिंह ने अपराध गंभीर मानते हुए अनंत विक्रम सिंह की जमानत अर्जी खारिज कर दी। कोर्ट ने इसी मामले में जेल में निरुद्घ तीन सह अभियुक्तों की जमानत अर्जी मंजूर कर ली है।
अमेठी के भूपति भवन के सामने 14 सितंबर 2014 को हुए बवाल में सुरक्षा व्यवस्था में तैनात अमेठी कोतवाली के सिपाही विजय प्रताप मिश्र की गोली लगने से मौत हो गई थी। मंगलवार को प्रभारी जिला जज/एडीजे प्रथम पीके सिंह की कोर्ट में अनंत विक्रम सिंह समेत चार अभियुक्तों की जमानत अर्जी पर सुनवाई हुई।
आरोपी अनंत विक्रम सिंह, अवधेश सिंह व वीरेंद्र बहादुर सिंह की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता राजकिशोर सिंह और आरोपी विजय प्रताप उर्फ गल्लन की ओर से अधिवक्ता अरविंद सिंह राजा ने दलीलें पेश की जबकि अभियोजन पक्ष की ओर से प्रभारी डीजीसी क्रिमिनल तारकेश्वर सिंह ने बहस की। प्रभारी जिला जज ने दोनों पक्षों की दलीलों को सुनने के बाद अनंत विक्रम सिंह के अपराध को गंभीर मानते हुए उनकी जमानत अर्जी खारिज कर दी। कोर्ट ने सह अभियुक्तों अवधेश सिंह, वीरेंद्र बहादुर सिंह व विजय प्रताप उर्फ गल्लन की जमानत अर्जी मंजूर कर ली है।