सुल्तानपुर। पत्नी को आत्महत्या के लिए उकसाने के मामले में शुक्रवार को एडीजे तृतीय अभय श्रीवास्तव ने आरोपी को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया। कोर्ट ने जेल में निरुद्ध आरोपी पति को रिहा करने का आदेश दिया है।
गोसाईगंज थाने के अंगनाकोल गांव निवासी साधू निषाद की पुत्री पराना देवी की शादी लंभुआ कोतवाली क्षेत्र के नरेंद्रपुर फुलवरिया गांव के फागूलाल निषाद के साथ घटना से करीब 20 वर्ष पूर्व हुई थी। आरोप था कि फागूलाल शराब पीकर आए दिन पत्नी को मारता-पीटता था। इससे परेशान होकर 10 अगस्त 2014 को पराना ने कुएं में कूदकर जान दे दी थी।
मृतका का मां सुभागी ने दामाद फागूलाल के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने का केस दर्ज कराया था। जेल में निरुद्ध आरोपी फागूलाल के गरीब होने पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ने उनकी पैरवी का जिम्मा चीफ लीगल एड डिफेंस काैंसिल तारकेश्वर सिंह को सौंपा था। उन्होंने अभियोजन पक्ष की ओर से पेश छह गवाहों से जिरह की। शुक्रवार को कोर्ट ने आरोपी को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया।