सुल्तानपुर। बालक की मौत पर कुछ लोगों ने साजिश शुरू कर दी है। बेटे की मौत से आहत रसोइया मां से सादे कागजात पर हस्ताक्षर बनाकर बीएसए के खिलाफ तमाम गंभीर आरोप जड़ दिए। पीड़ित मां और मृतक का बड़ा भाई इससे बेहद आहत हैं। कस्बा निवासी मंजूलता कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय कुड़वार में रसोइया के पद पर कार्यरत है। वह अपने बच्चों के साथ किराए के मकान में रहती हैं। बुधवार की दोपहर उसके छोटे बेटे आकाश का शव घर में फंदे के सहारे लटकता मिला था। गुरुवार को रसोइया के बेटे की मौत पर कुछ लोगों ने साजिश रचना शुरू कर दिया। आरोपियों ने बेटे की मौत पर सुध-बुध खो चुकी मां से एक सादे कागजात पर हस्ताक्षर करा लिए। बाद में उस पर मैटर टाइप कराकर बीएसए पर गंभीर आरोप जड़ दिए। इस पत्र में बालक की मौत की वजह पांच माह से मानदेय नहीं मिलना बताया गया है। पत्र में इस बात का जिक्र है कि 10 दिसंबर को रसोइया मंजूलता बेटे आकाश के साथ बीएसए से मिलने गई थी, जहां बीएसए ने उसे खुदकुशी के लिए प्रेरित किया था।