सुल्तानपुर। जिले में प्याज की कीमतों को लेकर कारोबारियों की मनमानी पर प्रशासन की सख्ती का असर दिखा है। प्रशासन द्वारा थोक बाजार से जिले में आने वाले प्याज और उसकी बिक्री का ब्योरा तलब करते ही आढ़तियों ने प्रति क्विंटल कीमत डेढ़ हजार रुपये तक कम कर दी है। प्याज की कीमतों में अप्रत्याशित वृद्धि को देखते हुए मूल्य नियंत्रक अधिकारी/डीएसओ ने अमहट सब्जी मंडी के थोक आढ़तियों से प्रतिदिन आने और बिकने वाले प्याज का ब्यौरा मांगा है। इस आदेश थोक आढ़तियों में खलबली मच गई है। मंडी सूत्रों के मुताबिक शीतगृह व गोदामों में डंप प्याज मंडी पहुंचाने का क्रम तेज हो गया है। अचानक मंडी में प्याज की आवक बढ़ने से मूल्य में एक से डेढ़ हजार रुपये प्रति क्विंटल तक की गिरावट आ गई है। छह हजार रुपये प्रति क्विंतल बिकने वाला प्याज साढ़े चार से पांच हजार रुपये प्रति क्विंटल हो गया है। सब्जी व्यापारियों का कहना है कि मंडी में खरीदारों की संख्या कम होने से प्याज के सड़ने का खतरा बढ़ गया जिससे कीमत गिरी है। डीएसओ वीके श्रीवास्तव ने कहा कि प्याज डंप करने वालों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई जाएगा।