शहर के एक होटल के स्टाफ को अग्निशमन उपकरण को चलाने की जानकारी देता फायर कर्मी। स्रोत-विभाग
सुल्तानपुर। दिल्ली के मालवीय नगर स्थित होटल में बुधवार को आग लगने से 21 लोगों की मौत होने के बाद शहर में बृहस्पतिवार को सुरक्षा व्यवस्था के तहत विभागीय स्तर पर कोई भी खास कार्रवाई नहीं देखने को मिली। शहर व आसपास के क्षेत्रों में करीब 100 से अधिक रेस्टोरेंट व होटल हैं। इनमें से सिर्फ 12 होटल संचालकों ने अग्निशमन विभाग से एनओसी ली है। अधिकांश लोग बिना मानक के अपने प्रतिष्ठान बेखौफ चला रहे हैं।
दिल्ली में हुई अग्निकांड की घटना के बाद प्रदेश स्तर पर सभी जिलों के लिए एडवाइजरी जारी की गई है। होटलों व रेस्टोरेंट की संख्या, लॉज व गेस्ट हाउस में फायर एनओसी की डिटेल मांगी गई है। शहर में अभी तक 12 होटल संचालकों ने फायर विभाग से एनओसी ली है, बाकी अन्य होटल संचालक बिना अग्निशमन उपकरण, आपातकालीन द्वार व सुरक्षा मानकों को ताक पर रखकर व्यवसाय कर रहे हैं।
कई होटलों में मुख्य सीढ़ी ही एकमात्र रास्ता है। इन व्यावसायिक स्थलों पर स्मोक डिटेक्टर, फायर अलार्म और स्प्रिंकलर सिस्टम नहीं लगे हैं। विभागीय स्तर पर होटल संचालकों को नोटिस देने की तैयारी की जा रही है। कोई स्पष्ट आंकड़ा विभाग के पास नहीं है। बृहस्पतिवार को शहर के कुछ होटलों का अग्निशमन कर्मियों ने निरीक्षण किया। इसी क्रम में अन्य विभागों से होटल व रेस्टोरेंट की जानकारी इकट्ठा करने में अग्निशमन कर्मी लगे हुए हैं।
जल्द चलेगा अभियान, भेजेंगे नोटिस
दिल्ली में हुई घटना के बाद जिले में भी होटलों व रेस्टोरेंट की संख्या व विवरण पता किया जा रहा है। अभियान चलाकर कार्रवाई की जाएगी। होटलों का निरीक्षण कर संबंधित को नोटिस भेजा जाएगा।
-केतन कुमार सिंह, जिला अग्निशमन अधिकारी, सुल्तानपुर