सुल्तानपुर। गैर इरादतन हत्या के मामले में एडीजे तृतीय अभय श्रीवास्तव ने शुक्रवार को आरोपी दो सगे भाइयों को दोषी मानते हुए 10 वर्ष की कैद व एक लाख रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई। मामला कुड़वार थाने से जुड़ा है।
अभियोजन पक्ष के मुताबिक कुड़वार थाना क्षेत्र के भगवानपुर गांव निवासी मिश्रीलाल के पुत्र मोतीलाल को वर्ष 2011 में गांव के ही सगे भाई धर्मेंद्र कोरी व रामजस ने लाठी-डंडे से मारकर घायल कर दिया था। परिजन गंभीर हालत में मोतीलाल को जिला अस्पताल ले गए जहां से चिकित्सकों ने उसे ट्रॉमा सेंटर लखनऊ के लिए रेफर कर दिया था।
लखनऊ ले जाते समय रास्ते में मोतीलाल की मौत हो गई थी। पुलिस ने पिता मिश्रीलाल की तहरीर पर आरोपियों धर्मेंद्र कोरी व रामजस के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का केस दर्ज किया था। शुक्रवार को एडीजे तृतीय अभय श्रीवास्तव ने आरोपी धर्मेंद्र कोरी व रामजस को दोषी मानते हुए सजा सुनाई।