जिले में पीक सीजन के बाद भी गेहूं खरीद में तेजी नहीं आ सकी है। डेढ़ माह बीतने को हैं, अभी तक सिर्फ 21 प्रतिशत ही गेहूं खरीद हुआ है। इस पर डीएम चंद्रविजय सिंह ने क्रय एजेंसियों के प्रबंधकों को गेहूं खरीद में तेजी लाने के लिए सख्त हिदायत दी है।
पीसीएफ, पीसीयू, नैफेड, एमसीसीएफ, यूपीएसएस, एफपीओ के जिला प्रबंधक को लक्ष्य के अनुसार गेहूं खरीद नहीं होने पर कार्रवाई की चेतावनी दी है। जिला प्रबंधकों को जारी पत्र में बताया गया है कि जनपद सोनभद्र में एजेंसियों के कुल 64 क्रय केंद्र संचालित किए गए हैं। जिसके सापेक्ष अभी तक 63 क्रय केंद्रों पर खरीद प्रारंभ हो गई है।
एक क्रय केंद्र पर खरीद शून्य है और कई केंद्र पर एक दिन खरीद करके शेष दिन खरीद नहीं की जा रही है। यह स्थिति ठीक नहीं है। वर्तमान में गेहूं की कटाई तेजी से हो रही है और जनपद के मंडियों में गेहूं की पर्याप्त आवक हो रही है। फिर भी क्रय केंद्रों पर लक्ष्य के अनुरूप गेहूं खरीद नहीं की जा रही है।
जिसके कारण आवंटित लक्ष्य के अनुरूप खरीद नहीं हो पा रही है। लक्ष्य के हिसाब से अभी तक जिले में सिर्फ 21 प्रतिशत ही गेहूं की खरीद हुई है। खरीद में तेजी लाने के लिए जिलाधिकारी ने सभी क्रय एजेंसियों के जिला प्रबंधकों को पत्र जारी किया है। जिला प्रबंधकों को एजेंसी को आवंटित लक्ष्य के अनुरूप तेजी लाते हुए खरीद सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है।
यदि किसी भी एजेंसी के क्रय केंद्रों पर खरीद शून्य पाई जाती है तो उसके विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई कर दी जाएगी। बता दें कि शासन की तरफ से जिले में 67 हजार मीट्रिक टन गेहूं खरीद का लक्ष्य रखा गया है। इसके सापेक्ष अभी तक सिर्फ 21 प्रतिशत ही गेहूं खरीद हुई है।