सोनभद्र। पर्यटन स्थल के साथ ही आस्था का केंद्र बना पिपरी स्थित वन देवी मंदिर का विकास कराने का प्रस्ताव तैयार किया गया है। करीब एक करोड़ रुपये से यहां सुविधाएं विकसित की जाएंगी। जिससे दूर दराज से रिहंद डैम एवं वन देवी मंदिर आने वाले पर्यटकों दिक्कतों का सामना न करना पड़े। नगर पंचायत प्रशासन की तरफ से नगर विकास योजना अंतर्गत वन देवी मंदिर का विकास कार्य कराने का रोडमैप तैयार किया है। शासन से धन मिलने के साथ ही यहां विकास कार्य आरंभ हो जाएगा।
वाराणसी-शक्तिनगर राजमार्ग पर रिहंद जलाशय के पास में वन देवी का प्राचीन मंदिर है। दूर दराज से आस्थावान यहां दर्शन पूजन के लिए आते हैं। रिहंद का दीदार करने आने वाले लोग भी वन देवी मंदिर पहुंचते हैं। मगर, मंदिर परिसर में मूलभूत सुविधाएं और वाहनों को खड़ा करने के लिए यहां पर्याप्त जगह नहीं होने से दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। राजमार्ग किनारे वाहन खड़ा करने पर भारी वाहनों के आवाजाही के दौरान दुर्घटना हाेने की आशंका रहती है। दूर दराज से आने वाले पर्यटकों एवं आस्थावानों को हो रही असुविधाओं को देखते हुए नगर पंचायत पिपरी प्रशासन की तरफ से वन देवी मंदिर के विकास की योजना बनाई गई है। मंदिर के पास में न सिर्फ वाहन स्टैंड बनाने की योजना है, बल्कि लोगों के बैठने के लिए यात्री शेड का निर्माण कराया जाएगा। इसके अलावा स्वच्छ पीने के पानी की सुविधा होगी। यहां पुरुष एवं महिलाओं के लिए अलग-अलग शौचालय का निर्माण कराया जाएगा। पिपरी नगर पंचायत प्रशासन की ओर से नगर विकास योजना अन्तर्गत विकास कार्य कराया जाएगा। ये सुविधाएं विकसित करने पर करीब एक करोड़ रुपये खर्च किया जाएगा।
नगर विकास योजना अंतर्गत करीब एक करोड़ से वन देवी मंदिर का विकास कराने की योजना बनाई गई है। यहां पेयजल, शौचालय के साथ ही वाहन स्टैंड और यात्री शेड का निर्माण कार्य कराया जाएगा। धन मिलने के साथ ही विकास कार्य शुरू करा दिया जाएगा। - अंशुमान सिंह, अधिशासी अधिकारी, नगर पंचायत पिपरी।