जिले के क्रय-विक्रय समितियों से खाद नदारद है। खाद न मिलने से किसानों को भारी परेशानी हो रही है। सोमवार को क्रय विक्रय केंद्र समिति राबर्ट्सगंज और ममुआ स्थित रतवल सेवा समिति पर खाद न मिलने से नाराज किसानों ने नारेबाजी की।
मामला अभी तूल पकड़ता उससे पहले जनप्रनिधि मौके पर पहुंच गए। जिम्मेदारों के हस्तक्षेप से खाद मिलने पर किसानों का गुस्सा शांत हुआ।
ममुआ गांव में स्थित गया रतवल किसान सेवा समिति पर किसान खाद लेने के लिए सुबह से ही लाइन में लग गए। काफी समय गुजरने के बाद जब उन्हें खाद नहीं मिला तो लोग नाराज हो गए।
किसी ने इसकी सूचना विधायक रमेश चंद्र दूबे को दी। मौके पर पहुंचे विधायक ने सचिव से किसानों को खाद उपलब्ध न कराए जाने के बारे में पूछताछ की तो सचिव ने बताया कि जिन किसानों ने समिति से कर्ज लिए हैं उनको चेक के माध्यम से यूरिया दी जा रही है।
इस पर विधायक ने ऐतराज जताते हुए एआरओ काओपरेटिव से वार्ता कर समस्त किसानोें को आवश्कतानुसार तत्काल रुपये लेकर यूरिया उपलब्ध कराने की बात कही।
इस पर एआरओ ने तत्काल सचिव को किसान बही लेकर नगद खाद देने का निर्देश देकर मामले को शांत कराया। इसी तरह क्रय विक्रय समिति राबर्ट्सगंज पर सुबह 11 बजे तक खाद नहीं मिली तो किसानों की नाराजगी बढ़ गई।
किसानों ने सचिव पर खाद न देने का आरोप लगाते हुए हो हल्ला मचाने लगे। किसानों के मांगों का समर्थन करते हुए भाजपा नेता धर्मवीर तिवारी ने डीएम समेत अन्य अधिकारियों से उर्वरक के संबध में वार्ता की।
डीएम ने शीघ्र यूरिया भेजवाने का आश्वासन देने के बाद लोगों का गुस्सा शांत हुआ। वहीं डीएम डीके सिंह ने बताया कि जिले में आठ सौ मीट्रिक टन यूरिया आई गई है। इसे सहकारी समितियों पर भेजने की तैयारी चल रही है।
बताया कि एक हजार मीट्रिक टन यूरिया के लिए शासन स्तर पर पत्र लिखा था। इसी क्रम में नौ सौ एमटी यूरिया की खेप आ चुकी है।
उधर, सामाजिक न्याय मोर्चा कार्यकर्ताओं की बैठक सोमवार को केंद्रीय कार्यालय पर राबर्ट्सगंज में हुई। इसमें साधन सहकारी समितियों से किसानों को यूरिया न मिलने पर असंतोष जताया गया।
बैठक में चौधरी यशवंत सिंह, रामकृष्ण पाठक, पंकज यादव, अमरेश पटेल, अर्जुन चौहान, अशोक फौजी, डा. विमलेश पटेल आदि मौजूद रहे।