चोपन थाना क्षेत्र के अगोरी में चालक की मौत के विरोध में लगा जाम।
जुगैल थाना क्षेत्र के महलपुर गांव में बालू साइट पर मंगलवार की रात संदिग्ध हालात में एक ट्रक चालक सियाराम (35) की मौत हो गई। उसकी मौत की जानकारी सुबह बुधवार को लगने पर नाराज ट्रक चालकों ने जुगैल पुलिस और बालू ठेकेदारों को मौत का जिम्मेदार मानते हुए चोपन-नेवारी मार्ग पर चक्काजाम कर दिया। जबकि पुलिस के मौके पर देर से पहुंचने पर ओबरा सीओ और जुगैल पुलिस पर ट्रक चालकों ने पथराव कर दिया। मौके पर पहुंचे एडीएम ने चालक के आश्रितों को दो लाख रुपये दिलवाकर और एएसपी ने जिम्मेदार पुलिस कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई करने का आश्वासन देकर मामले को शांत कराया। साढ़े छह घंटे बाद आवागमन ठप रहा।
चालक की पत्नी के बेहोश होने के कारण गांव के प्रधान ने बालू सिंडिकेट, ठेकेदारों और पुलिसकर्मियों के खिलाफ तहरीर दी है। वहीं प्रशासन ने बालू साइट को बंद करा दिया है।मंगलवार की रात करीब दो बजे चोपन थाना क्षेत्र के कोटा निवासी सियाराम (35) बालू लादने गया था। रात में मालिक अनिल ने कई बार चालक के मोबाइल पर फोन किया मगर कोई जवाब नहीं मिला। मंगलवार की सुबह करीब छह बजे अनिल ने महलपुर के ही किसी व्यक्ति को फोन करके चालक के पास भेजा। वहां जाने पर चालक सियाराम का शव केबिन में पड़ा मिला। चालक के मौत की खबर मिलते ही लोगों में नाराजगी बढ़ गई और चक्काजाम कर दिया।
चालकों का कहना था कि ठेकेदारों की शह पर पुलिस कर्मियों ने रात में लंबी लाइन लगे चालकों को लाठी डंडे से पीटा था। उधर सूचना मिलने पर भाजपा जिलाध्यक्ष अशोक मिश्रा, देवेंद्र शास्त्री और पूर्व जिलाध्यक्ष भूपेश चौबे भी मौके पर पहुंच गए। उसी समय पुलिस को सूचना दे दी गई मगर सीओ ओबरा प्रवीण यादव 11.45 बजे मौके पर पहुंचे और जाम समाप्त कराने का प्रयास करने लगे तो लोग भड़क उठे। कुछ चालक पुलिस पर पत्थर फेंकने लगे। पत्थर के दो टुकड़े सीओ के सिर में लगे, लेकिन वह हेलमेट पहने थे इसलिए चोटें नहीं आई।
आक्रोश देखकर पुलिस को पीछे हटना पड़ा। दोपहर करीब एक बजे ओबरा, हाथीनाला, पिपरी, बभनी समेत कई थानों एवं पीएसी के साथ एडीएम रामचंद्र और एएसपी नक्सल डॉ. अवधेश सिंह घटनास्थल पर पहुंचे। एडीएम ने दो लाख रुपये, घरवालों को योजनाओं का भी लाभ दिलाए जाने का आश्वासन दिया जबकि एएसपी ने पुलिस कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई का भरोसा देकर जाम समाप्त कराया। शाम 4.30 बजे जाम हटा। वहीं, एसपी लल्लन सिंह ने कहा कि तहरीर पर ठेकेदार धर्मेंद्र सहित चार पुलिस कर्मियों पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।