महिला ने बताया कि बच्ची की मौत के बाद उन्होंने अपनी मायके से आई मां के साथ शव को अंतिम संस्कार के लिए भेज दिया। जब यह बात ससुराल वालों को पता चली, तो ससुर और अन्य परिजनों ने अस्पताल पहुंचकर बच्ची को गायब किए जाने का आरोप लगाते हुए हंगामा शुरू कर दिया।
फूलवंती ने बताया कि उसे न तो पति का साथ मिला और न ही सास-ससुर का। चार बेटियों की मां होने के कारण परिवार से हमेशा ताने मिलते रहे। इस बार भी जब उसने फोन कर सभी को बुलाया, तो किसी ने मदद नहीं की। मुंबई में रह रहे पति अनिल पटेल ने फोन पर यहां तक कह दिया कि मर जाओ, हमें कोई मतलब नहीं। मामले की जानकारी मिलते ही डायल 112 की पुलिस मौके पर पहुंची और पूरे प्रकरण की छानबीन में जुट गई।
इस संबंध में सीएचसी अधीक्षक डॉ. शाह आलम अंसारी ने बताया कि महिला ने शुक्रवार को सुबह 8:55 बजे एक स्वस्थ बच्ची को जन्म दिया था, जिसका वजन साढ़े तीन किलो था। अस्पताल की ओर से किसी तरह की लापरवाही नहीं बरती गई है। मामला घरेलू विवाद का प्रतीत हो रहा है, जिसमें कुछ अनहोनी की आशंका है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।