जिले में लगातार चार दिन से रविवार को भी सूरज का दर्शन नहीं हुआ। कोहरे की वजह से आवागमन प्रभावित रहा। कड़ाके की ठंड से लोग बेहाल हो गए है और घरों में ही रहना उचित समझ रहे हैं।
जिला प्रशासन और नगर पालिका प्रशासन की ओर से सार्वजनिक स्थानों पर अलाव की व्यवस्था नहीं की गई है। राबर्ट्सगंज में राजमार्ग पर कीचड़ होने की वजह से जाम की झाम का सामना यात्रियों का को करना पड़ रहा।
जिले में लगतार चार दिन से ठंड का कहर जारी है। पिछले तीन दिनों से हो रही बूंदाबांदी से जनजीवन प्रभावित हो गया है। रात करीब आठ बजे से कोहरे के विकराल रूप धारण करने से वाहनों की रफ्तार थम गई। मजबूरी में लोगों ने सफर किया।
वहीं ठंड का मिजाज लोगों को घरों में कैद करने के लिए विवश रखा। राबर्ट्सगंज नगर के मंडी समिति से चंडी तिराहे तक राजमार्ग पर कीचड़ होने से फिसलन बढ़ गई। बाइक और साइकल सवार गिरकर चोटिल हो जा रहे हैं।
इसके बावजूद जिला प्रशासन की ओर से सड़क पर फैले कीचड़ से लोगों को राहत दिलाने की दिशा में कोई पहल नहीं किया जा रहा है। नगर पालिका प्रशासन द्वारा ठंड से लोगों को राहत दिलाने के लिए बस स्टैंड,
रेलवे स्टेशन, कचहरी तिराहा समेत अन्य स्थानाेें पर अलाव की व्यवस्था न के बराबर की गई है। गांवों मेें भी अलाव की कोई व्यवस्था नहीं है। रामगढ़ संवाददाता के मुताबिक क्षेत्र के अधिकांश गांव जंगल और पहाड़ों से घिरे है।
इस नाते गलन तेज है। घरों से लोग बाहर नहीं लिकल रहे हैं। शाहगंज, मधपुर, केकराही, करमा, घोरावल प्रतिनिधि के अनुसार ठंड से जनजीवन प्रभावित हो गया है। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से गांवों के सार्वजनिक स्थानों पर अलाव जलवाने की मांग की है।