महुली। प्रदेश सरकार भले ही अंतिम ब्यक्ति को छत मुहैया कराने के लिए लाखों रुपए प्रत्येक ब्यक्ति के लिए खर्च कर रहा हो, लेकिन इसे मूर्त रूप देने में लगे जिमेदारों के भ्रष्टाचार के आगे सब बेकार साबित हो रहा है। अभी प्रदेश सरकार के निर्देश पर दुद्धी ब्लॉक के जोरुखाड़ गांव में तीन लोगों का प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास का निर्माण ग्राम प्रधान व सचिव द्वारा कराया जा रहा था। इसमे मानकों की धज्जियां इस कदर उड़ाई गई कि एक तो तीनों आवास का दीवार मानक से काफी छोटा कर दिया गया। बालू,सीमेंट तथा गिट्टी व सरिया की इस तरह कटौती किया गया कि पीएम आवास का छत ढलाई के दूसरे ही दिन बुधवार को भरभराकर गिर गया। संयोग अच्छा था कि उस दौरान कोई भी ब्यक्ति वहां पर मौजूद नही था अन्यथा कोई बड़ी घटना से इंकार नही किया जा सकता था।