कलेक्ट्रेट परिसर में कोटेदारों ने ऑल इंडिया फेयर प्राइस शॉप डीलर एसोसिएशन के बैनर तले कमीशन बढ़ाने सहित अन्य मांगों को लेकर प्रदर्शन किया।
कोटेदारों ने चेतावनी दी कि अगर मांगें जल्द से जल्द नहीं मानी जाती हैं तो अगस्त में वितरण प्रथम तीन दिन रोक दिया जाएगा। इसकी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।
एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष विनोद कुमार ने बताया कि यूपी में कोटेदारों को खाद्यान्न पर 90 रुपये प्रति क्विंटल और चीनी पर 70 रुपये प्रति क्विंटल कमीशन मिलता है। वहीं हरियाणा, गोवा और दिल्ली में 200 रुपये प्रति कुंतल कमीशन दिया जाता है।
गुजरात में 20000 रुपये न्यूनतम गारंटी दी जाती है। उन्होंने डोर स्टेप डिलीवरी में गुणवत्तायुक्त खाद्यान्न के साथ ही पूर्व का बकाया भुगतान करने की मांग की। वर्तमान में फोन से ली जा रही फीडबैक प्रणाली पर भी आपत्ति जताई।
कोटेदारों का कहना है कि कई बार विरोधी लोग गलत जानकारी दे देते हैं। कोटेदारों ने मांग किया कि कमीशन का पैसा सीधे संचालक के खाते में जमा किया जाए। राशन का ऑनलाइन वितरण होने के कारण सत्यापन, वितरण, स्टाॅक रजिस्टर क़ो बंद कर पेपर लेस प्रणाली लागू किया जाए।
एमडीएम और आईसीडीएस के खाद्यान्न पर भी एनएफएसए खाद्यान्न की तरह कमीशन दिए जाने की मांग की गई। प्रदर्शन में अजय विश्कर्मा, पूनम, विनोद कुमार, पन्नालाल, सुरेंद्र कुमार, कांशीनाथ, विजय कुमार सिंह, रामलला विश्वकर्मा आदि मौजूद रहे।