बभनी। विदेश में रह कर एमबीबीएस की पढ़ाई कर रहीं दुद्धी निवासी छात्राएं ग्रामीण क्षेत्र की आदिवासी महिलाओं के लिए प्रेरणास्रोत बन रही हैं। रविवार की सुबह पांच छात्राएं बभनी के डगडउआ टोला पहुंच कर ग्रामीण महिलाओं से रूबरू हुईं और उन्हें सामान्य बीमारी की दवा मॉस्क और हाथ धुलाई के बारे में जानकारी दी। इन छात्राओं की अगुवाई येरीवान गवर्नमेंट स्टेट मेडिकल यूनिवर्सिटी अर्मेनिया से एमबीबीएस कर रही छात्रा ऐमन अंसारी तथा यूनिवर्सल कालेज आफ मेडिकल साइंसेज नेपाल की छात्रा मुस्कान गुप्ता कर रही हैं।
विदेश में एमबीबीएस कर रही छात्राएं घर वापसी के बाद घर में न बैठ कर गांव में घूम कर लोगों को इस बीमारी के प्रति जागरूक करने का काम कर रही हैं। रविवार को बभनी के डगडउआ टोला में छात्राओं ने एक पेड़ के नीचे गोल घेरा बनाकर महिलाओं को पर्सनल डिस्टेंसिंग के बारे समझाया, साथ ही उन्हें इस बीमारी से बचाव और लक्षण के बारे में भी समझाया। साथ ही हाथ धोने के तरीके भी बताए। इस दौरान उपस्थित लोगों को सामान्य बुखार, दर्द आदि की दवाएं भी नि:शुल्क वितरण किया। इस दौरान रामनारायण सिंह, जुबेर आलम, राजकुमार सहित एमबीबीएस द्वितीय वर्ष की छात्रा एरम अंसारी, युन्नान यूनिवर्सिटी ऑफ ट्रेडिशनल चाइनीज मेडिसीन चीन से एमबीबीएस तृतीय वर्ष की छात्रा शबनम परवीन, अलीगढ़ से डीफार्मा कर चुकीं फार्मासिस्ट हबीबा खातून मौजूद रहीं।