परिजनों का कहना है कि बच्ची की मौत के दो दिन बाद भी अस्पताल के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं हुई। इससे नाराज होकर शनिवार को वे कलेक्ट्रेट पहुंचे और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। उन्होंने मामले की निष्पक्ष जांच कराने और दोषियों को दंडित करने की मांग की।
मामले को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी चर्चित गौड़ ने एडीएम रमेश चंद्र और सीएमओ डॉ. आरके मिश्रा को जांच के निर्देश दिए। सीएमओ ने बताया कि अस्पताल की जांच के लिए तीन सदस्यीय टीम गठित की गई है। टीम मामले से जुड़े तथ्यों और उपचार की प्रक्रिया की जांच करेगी।
सीएमओ ने कहा कि जांच में यदि अस्पताल की लापरवाही सामने आती है तो नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी। वहीं, परिजनों ने बच्ची की मौत के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई और परिवार को न्याय दिलाने की मांग की है।