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Sonebhadra News: गुजरात की राथ्वा दीपाली बेन रहीं अव्वल

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बभनी सेवा समर्पण संस्थान में निशाना साधते तीरंदाजी का खिलाड़ी। - फोटो : SONBHADRA
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बभनी। सेवा समर्पण संस्थान सेवाकुंज आश्रम कारीडांड चपकी में चल रहे 23वें राष्ट्रीय खेल एवं सांस्कृतिक महोत्सव में रविवार को रानी दुर्गावती धनुर्विद्या स्टेडियम में तीरंदाजी प्रतियोगिता का फाइनल मुकाबला हुआ। प्रतियोगिता के 40 मीटर रेंज जूनियर बालिका वर्ग में गुजरात की राथ्वा दीपाली बेन ने 290 अंकों के साथ पहला स्थान पाया। आसाम की अनुजा वसुम मतारी 273 अंकों के साथ दूसरे और यहीं की स्नेहा रावा 270 अंकों के साथ तीसरे स्थान पर रहीं। जूनियर बालक वर्ग 40 मीटर में उत्तर बंगाल के विशाल तामंग प्रथम, झारखंड के शुकलाल पूरती दूसरे और उत्तर बंगाल के सोनम टी लेप्चा तीसरे स्थान पर रहे। जूनियर वर्ग 30 मीटर बालक वर्ग में उत्तर बंगाल के विशाल तामंग, झारखंड के शुकलाल पूरती दूसरे और यूपी के दीपक कुमार 312 अंकों के साथ तीसरे स्थान पर रहे। सब जूनियर 20 मीटर बालक वर्ग के फाइनल मुकाबले में यूपी के महावीर, यूपी के ही आदित्य सिंह और झारखंड के अरूण बेदिया ने क्रमश: पहला, दूसरा और तीसरा स्थान पाया। बालिका वर्ग में तीनों स्थानों पर क्रमश: झारखंड की माधुरी पूरती, राधिका उरांव और शिमला पूरती रहीं। खिलाड़ियों से राज्यसभा सांसद रामशकल ने परिचय प्राप्त किया। निर्णायक मंडल में बंगाल के प्रबोध नंदा, झारखंड से डोमन चंद्रा महतो, राजस्थान से हररतन दामुर, उत्तर प्रदेश से सूर्यदेव, जितेंद्र कुमार, महेंद्र प्रताप सिंह, उड़िसा से रंजन महाकुल, सोम रंजन साहू, उत्तराखंड से अमरनाथ और बंगाल से फूल चरेंगी लेप्चा रहे। म्योरपुर : पूरे देश में सिर्फ 55 की संख्या में बचे महान अंडमानी जनजाति के तीन खिलाड़ी सेवाकुंज आश्रम में चल रही स्पर्धा में प्रतिभाग कर रहे हैं। हजारों किमी की दूरी तय कर यहां पहुंचे तीनों खिलाड़ियों में खेल की जबरदस्त ललक है। खो-खो प्रतियोगिता में हिस्सा लेने आए पांचवीं के छात्र हर्ष सिंह याहा ने बताया कि उनकी मां अंडमान में पुलिस की नौकरी में है। दसवीं की जुआल ने बताया कि वह लोग कम संख्या में भले हैं, लेकिन हर क्षेत्र में अपनी पहुंच बनाने के लिए प्रयासरत हैं। नौंवीं की छात्रा फिगर ने बताया कि उसके मामा भी पूर्व में राष्ट्रीय स्तर तक तीरंदाजी में भाग ले चुके हैं। इन लोगों को लेकर आने वाली अंडमान आदिम जनजाति विकास समिति की संध्या मंडल ने बताया कि अंडमान निकोबार में छह जनजाति निवास करती हैं। बताया कि अंडमान निकोबार द्वीपसमूह से कुल 26 खिलाड़ियों का दल बभनी आया हुआ है।
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