पीडब्ल्यूडी और पुलिस के खिलाफ गुरुवार को लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। विण्ढमंगज कस्बे में व्यापारियों ने चक्काजाम कर पीडब्ल्यूडी और पुलिस के खिलाफ नारेबाजी की।
व्यापारियोें का आरोप था कि पुलिस निर्दोष व्यक्तियों को फर्जी मुकदमे में फंसाने की धमकी दे रही है। ग्रामीण डीएम और एसपी को मौके पर बुलाने की मांग कर रहे थे। हालांकि एसओ सर्वेश सिंह ने लोगों को समझा-बुझाकर दो घंटे बाद आवागमन बहाल कराया।
सुबह करीब दस बजे विण्ढमगंज के सुभाष तिराहे पर दूकानदारों ने अपनी-अपनी दूकानें बंद कर ग्रामीणों के साथ राष्ट्रीय मार्ग पर चक्काजाम कर दिया।
यहां आयोजित सभा को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि पीडब्ल्यूडी मानक के विपरित एनएस सड़क के मरम्मत का कार्य करा रहा है।
बीते कुछ दिनों पूर्व विण्ढमगंज के रहवासियों ने इसका विरोध किया तो संबंधित विभाग के अधिकारियों ने पुलिस को उनके खिलाफ शिकायती पत्र दे दिया।
अब पुलिस लोगों को मुकदमे में फंसाने की धमकी देते हुए परेशान करने लगी है। जाम लगाने वाले मौके पर डीएम और एसपी को बुलाने की मांग कर रहे थे।
जाम लगने के करीब डेढ़ घंटे बाद मौके पर पहुंचे थानाध्यक्ष सर्वेश सिंह ने लोगों को पीडब्ल्यूडी के एक्सईएन को शुक्रवार को बुलाकर नियमानुसार निर्माण कार्य कराने का आश्वासन दिया तब जाकर लोग शांत हुए।
दो घंटे जाम लगने से सड़क के दोनों तरफ वाहनों की लंबी कतार लग गई थी। जाम में उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल के अध्यक्ष अमल जायसवाल, मनौव्वर अंसारी, मुरारी जायसवाल, मुकेश, राजकुमार केशरी, उदय, प्रमोद सिंह मौजूद रहे।