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दो गुना किया गया प्रदूषण जांच प्रमाण पत्र का शुल्क

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सोनभद्र। पेट्रोल और डीजल से चलने वाले वाहनों का प्रदूषण जांच प्रमाणपत्र का शुल्क दोगुना बढ़ाया गया है। संभागीय परिवहन प्रशासन बढ़े दर पर शुल्क लेकर प्रदूषण जांच प्रमाण पत्र जारी करने की तैयारी में जुटा है। खास बात यह है कि प्रदूषण जांच प्रमाण जारी करने के बाबत अधिकृत होने के लिए अब सामान्य व्यक्ति के साथ ही कंपनियों के लोग भी आवेदन कर सकते हैं।
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दो, तीन व चार पहिया पेट्रोल व डीजल चालित भारी वाहनों से होने वाले प्रदूषण पर नियंत्रण के लिए जारी होने वाले प्रमाण पत्र के बदले जो शुल्क की वसूली की जा रही है, उसमें दो गुना तक की वृद्धि की गई है। अभी प्रमाण पत्र जारी करने के लिए परिवहन विभाग की तरफ से पेट्रोल पंप मालिकों, डीलरों को ही अधिकृत किया जाता रहा है। अब प्रदूषण जांच प्रमाण पत्र जारी करने के बाबत अधिकृत होने के लिए सामान्य व्यक्ति के अलावा डीलर, पेट्रोल पंप संचालक, ट्रस्ट, सोसायटी व कंपनियां भी आवेदन कर सकती हैं।
सहायक परिवहन अधिकारी कार्यालय में तैनात आरआई आलोक यादव ने बताया कि जिले में कुल 13 प्रदूषण जांच केंद्र हैं। इन केंद्रों से प्रदूषण जांच प्रमाण जारी करने के बदले अलग-अलग श्रेणी के वाहनों से अलग-अलग शुल्क की वसूली की जाती है। इसके तहत अभी दो व तीन पहिया वाहनों का प्रदूषण जांच प्रमाण जारी करने के बदले 30 रुपये, चार पहिया वाहन स्वामियों से 40 रुपये तथा डीजल चालित बड़े वाहनों का प्रदूषण जांच प्रमाण पत्र जारी करने के बदले 50 रुपये वसूल किए जाते हैं। उन्होंने बताया कि नई व्यवस्था के तहत प्रदूषण जांच प्रमाण पत्र के शुल्क में दो गुना तक की वृद्धि की गई है। इसके तहत दो पहिया वाहनों के प्रदूषण जांच प्रमाण पत्र के बदले 50 रुपये व तीन पहिया वाहनों के प्रदूषण जांच प्रमाण पत्र के लिए 70 रुपये वसूल किए जाएंगे। चार पहिया वाहनों के प्रदूषण जांच प्रमाण पत्र जारी करने के बदले भी 70 रुपये वसूल किए जाएंगे।
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इसके अलावा डीजल चालित भारी वाहनों के प्रदूषण जांच प्रमाण पत्र के लिए 100 रुपये शुल्क निर्धारित किया गया है। इस संबंध में प्रमुख सचिव परिवहन की तरफ से 20 अक्तूबर को जारी शासनादेश की प्रति प्राप्त हो गई है। नई व्यवस्था के तहत प्रदूषण जांच प्रमाण पत्र जारी करने के लिए परिवहन आयुक्त के निर्देश का इंतजार किया जा रहा है। निर्देश मिलते ही नई व्यवस्था के तहत प्रदूषण जांच प्रमाण पत्र के बदले शुल्क वसूली शुरू कर दी जाएगी।
बीएस एक, दो, तीन वाहनों का प्रमाण पत्र छह माह के लिए होगा मान्य
सोनभद्र। बीएस (भारत स्टेज) एक, दो व तीन वाहनों के लिए जारी प्रदूषण जांच प्रमाण पत्र छह माह के लिए ही मान्य होगा। आरआई के मुताबिक बीएस चार व छह मानक वाहनों के लिए जारी प्रदूषण जांच प्रमाण पत्र की वैधता एक वर्ष के लिए होगी। वाहन स्वामी को प्रमाण पत्र की वैधता तिथि समाप्त होने के बाद दूसरा प्रदूषण जांच प्रमाण पत्र निर्गत कराना होगा।
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