जिले में गर्मी जमकर कहर बरपा रही है। भीषण गर्मी और लू के बीच लोगों की सेहत बिगड़ रही है। इस बीच लू लगने जैसे लक्षणों के शिकार लोगों की मौतों का सिलसिला नहीं थम रहा।
मंगलवार को जिले का तापमान 42 डिग्री के आस-पास रहा। तेज धूप के साथ लू का भी प्रकोप भी तेजी से देखने को मिल रहा है। गर्मी संबंधित समस्याओं से पीड़ित मरीज अस्पतालों में पहुंच रहे हैं।
अस्पतालों में गर्मी के चलते उल्टी-दस्त, बदन दर्द और बुखार से पीड़ित मरीजों की तादाद बढ़ी है। पिछले 20 दिन में गर्मी से तबीयत बिगड़ने और फिर लू जैसे लक्षणों वाले करीब दस लोगों की मौतें हो चुकी हैं।
डॉक्टरों का कहना कि घर से निकलते समय गर्मी से बचाव के इंतजाम करके निकलें। जरा सी लापरवाही सेहत पर भारी पड़ सकती है। डॉक्टरों के अनुुसार हीट स्ट्रोक गर्मी से होने वाली सबसे गंभीर बीमारी है। यह तब होती है जब शरीर तापमान को नियंत्रित नहीं कर पाता है।
शरीर का तापमान तेजी से बढ़ने पर हीट स्ट्रोक होता है। चिकित्सकों का कहना है कि पानी का सेवन करने के साथ धूप से बचने के लिए छाता लेकर चलें। थोड़ी-थोड़ी देर पर पानी पीते रहें।
खाना कम खाएं और तरल पदार्थों का अधिक से अधिक सेवन करें। शीतल पेय पदार्थों से खुद को ठंडा रखने का प्रयास करें। खुले में रखे कटे फल बिल्कुल न खाएं, इससे पेट के संक्रमण का खतरा बढ़ जाता है।