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Sonebhadra News: तैनाती के दो हफ्ते बाद भी जिला अस्पताल नहीं पहुंचे हड्डी रोग विशेषज्ञ

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सोनभद्र। जिला अस्पताल में पिछले 20 दिनों से कोई हड्डी रोग विशेषज्ञ नहीं है। सीएमएस का प्रभार देख रहे डॉ. सीएपी सिन्हा के सेवानिवृत्ति के बाद यहां दो डॉक्टरों की तैनाती तो हुई, लेकिन किसी ने भी अब तक कार्यभार ग्रहण नहीं किया है। हड्डी रोग विशेषज्ञ के अभाव में मरीजों को समुचित उपचार नहीं मिल पा रहा। अस्पताल आने वाले मरीजों का उपचार इमरजेंसी में तैनात फिजिशियन या बाल रोग विशेषज्ञ के साथ फार्मासिस्ट और वार्ड ब्वाय कर रहे हैं।
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वर्तमान सीएमएस डॉ. अश्वनी कुमार ने शासन और सीएमओ को पत्राचार कर हड्डी रोग विशेषज्ञ उपलब्ध कराने का अनुरोध किया गया। इस पर शासन स्तर से एक चिकित्सक को स्थानांतरित कर जिले में भेजा गया। दो हफ्ते पहले वह चिकित्सक जिला अस्पताल तो पहुंचे, मगर कार्यभार ही ग्रहण नहीं किया। इसके साथ ही सीएमओ डॉ. आरजी यादव ने भी छह अप्रैल को अपने अधीन सीएचसी पर तैनात हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. महेंद्र बिंद को जिला अस्पताल से संबद्ध कर दिया। दो सप्ताह से अधिक समय बीतने के बाद भी डॉ. महेंद्र ने ज्वाइन नहीं किया। ऐसे में मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। अस्पताल में इस विभाग की ओपीडी में आने वाले 50 से 60 मरीजों को भटकना पड़ रहा है। कुछ मरीज जहां निराश होकर लौट रहे हैं तो वहीं कुछ का इलाज फार्मासिस्ट, वार्ड ब्वाय से लेकर नेत्ररोग, बाल रोग, चेस्ट फिजिशियन और जनरल फिजिशियन कर रहे हैं। उन्हें मामली दवा लिखकर अन्य जाने की सलाह दी जा रही है।
केस एक
सदर विकास खंड के निपराज गांव निवासी कविता (6) शनिवार को घर पर खेलने के दौरान अचानक गिर गई। उसके बांए हाथ में चोट आई। परिजन बच्ची को लेकर अस्पताल पहुंचे। जहां हड्डी रोग का चिकित्सक ना होने पर बाल रोग विशेषज्ञ ने अनुरोध पर एक्सरे लिख दिया। रिपोर्ट मिली तो अस्पताल की ओपीडी का समय बीत गया। बाद में परिजनों ने एमरजेंसी में मौजूद वार्डव्याय को एक्सरे रिपोर्ट दिखाकर दवा ली गई।
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केस दी
घोरावल क्षेत्र से सटी सीमा से मध्यप्रदेश के ठठरा निवासी उमेश (31) को पैर में चोट लगी थी। वो पहले सीएचसी घोरावल में उपचार के लिए गए। बाद में जिला अस्पताल भेज दिया गया। उनको एक फिजिशियन की ओर से पैर का एक्सरे लिखा गया। हालांकि बाद में युवक रिपोर्ट मिलने पर इमजेंसी में पहुंचा। जहां आंख के चिकित्सक ने रिपोर्ट देखकर पैर में फ्रैक्चर बताया।
मेडिकल के लिए भी परेशानी
जिला अस्पताल में मारपीट में घायल लोग जब पुलिस से संबंधित मामलों में मेडिकल के लिए पहुंच रहे हैं तो कइयों का मेडिकल भी हड्डी रोग विशेषज्ञ के अभाव में नहीं हो पा रहा। उन्हें अन्य जिलों में भेजा जा रहा है। ऐसे में पीड़ितों के साथ ही पुलिस भी चक्कर काट रही है।
शासन से एक और सीएमओ की ओर से भी एक हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. महेंद्र बिंद सहित कुल दो चिकित्सकों की तैनाती की गई है। दो हफ्ते बाद भी किसी चिकित्सक ने ज्वाइन नहीं किया है। डॉक्टर के न होने से समस्या हो रही है। उपलब्ध संसाधनों से बेहतर उपचार देने का प्रयास हो रहा है। - डॉ. अश्वनी कुमार, सीएमएस जिला अस्पताल।
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