ग्राम पंचायतों में पंचायत भवन, सामुदायिक शौचालय और कंपोस्ट पिट निर्माण में उदासीनता बरतने वाले सचिवों पर डीपीआरओ ने कार्रवाई की है। विकास भवन के डीपीआरसी सेंटर में चतरा और नगवां ब्लाक के ग्राम प्रधान व सचिवों की बैठक में तीन सचिवों की एक वेतन वृद्धि रोकने का आदेश दिया। लापरवाह 12 सचिवों के वेतन भुगतान पर अग्रिम आदेश तक रोक लगा दी है।
बैठक में ग्राम पंचायत में निर्मित हो रहे सामुदायिक शौचालय एवं पंचायत भवन के फोटो को पावर प्वाइंट प्रेजेंटेशन के जरिये प्रदर्शित किया गया। भुगतान के बारे में सभी ग्राम प्रधान को अवगत कराया गया। अधूरे कार्यों को पूर्ण कराने के लिए नए ग्राम प्रधान को जिम्मेदारी दी गई। ग्राम पंचायतों में पंचायत भवन निर्मित कराने के लिए सभी को निर्देश दिया गया। सभी राजस्व गांव में दो-दो कंपोस्ट पिट बनाने की ग्राम पंचायत वार समीक्षा की गई। डीपीआरओ ने नगवां के सचिव सुजीत कुमार का कार्य अच्छा पाया, उन्हें प्रशस्ति पत्र देने का निर्देश दिया। सचिव विनीत मौर्य, जगदीश एवं शिवकुमार एक वेतन वृद्धि अस्थाई रूप से रोक दी। नगवां के सचिव सुजीत को छोड़कर सभी सचिव का वेतन रोकने का निर्देश दिया। सामुदायिक शौचालय का निर्माण कार्य पूर्ण होने तक उनका वेतन भुगतान नहीं होगा। चतरा ब्लाक के सभी सचिवों का वेतन सामुदायिक शौचालय का निर्माण पूर्ण होने तक रोक दिया गया। डीपीआरओ ने सभी ग्राम प्रधान एवं सचिवों को निर्देश दिया कि ग्राम पंचायत जो भी परिसंपत्तियां हैं, उन्हें प्रधान के जिम्मे दिया जाए। डीपीआरओ ने कहा कि ग्राम प्रधान वैक्सीनेशन में बढ़ चढ़कर हिस्सा लें। अपने गांव के 18 साल से अधिक सभी लोगों का वैक्सीनेशन कराएं। बैठक में एडीओ पंचायत सुधाकर राम, डीपीसी अनिल केसरी, किरण सिंह मौजूद रहीं।